टॉयलेट पर बैठकर स्मार्टफोन का उपयोग करने वालों को बवासीर होने का 46 प्रतिशत खतरा!

अध्ययन में 66 प्रतिशत लोगों ने टॉयलेट में फोन का उपयोग करने की आदत को स्वीकारा, अधिक समय बैठने से खतरा बढ़ने के आसार
अध्ययन में शामिल 125 वयस्कों में से 66 प्रतिशत ने टॉयलेट में स्मार्टफोन उपयोग करने की आदत स्वीकार की।
अध्ययन में शामिल 125 वयस्कों में से 66 प्रतिशत ने टॉयलेट में स्मार्टफोन उपयोग करने की आदत स्वीकार की।फोटो साभार: आईस्टॉक
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सारांश
  • अध्ययन में शामिल 125 वयस्कों में से 66 प्रतिशत ने टॉयलेट में स्मार्टफोन उपयोग करने की आदत स्वीकार की।

  • स्मार्टफोन उपयोग करने वालों में बवासीर होने का खतरा उपयोग ने करने वालों की तुलना में 46 प्रतिशत अधिक पाया गया।

  • लगभग 37 प्रतिशत फोन उपयोगकर्ता प्रत्येक बार पांच मिनट से अधिक समय तक टॉयलेट पर बैठे रहते हैं।

  • केवल 7 प्रतिशत उपयोग न करने वालों ने बताया कि वे पांच मिनट से अधिक समय टॉयलेट पर बिताते हैं।

स्मार्टफोन आज हमारे जीवन का अहम हिस्सा बन चुका है। हम उठते-बैठते, खाते-पीते और यहां तक कि बाथरूम में भी फोन का इस्तेमाल करते हैं। बहुत से लोग टॉयलेट पर बैठकर सोशल मीडिया स्क्रॉल करना या खबरें पढ़ना पसंद करते हैं। यह आदत भले ही सामान्य लगे, लेकिन एक नए अध्ययन के अनुसार इससे स्वास्थ्य पर बुरा असर पड़ सकता है।

हाल ही में जर्नल प्लोस वन में प्रकाशित एक अध्ययन में पाया गया कि टॉयलेट पर बैठकर स्मार्टफोन का उपयोग करने वाले लोगों में बवासीर (हेमोरॉयड्स) होने का खतरा अधिक हो सकता है। यह शोध अमेरिका के बेथ इजराइल डेकोनेस मेडिकल सेंटर के शोधकर्ताओं के द्वारा किया गया।

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बवासीर क्या है?

बवासीर एक ऐसी स्थिति है जिसमें गुदा या मलाशय की नसें सूज जाती हैं और उनमें जलन या दर्द होने लगता है। कई बार इससे खून भी आ सकता है। यह समस्या आम है और अमेरिका जैसे देशों में हर साल लाखों लोग इसके इलाज के लिए डॉक्टर के पास जाते हैं। लंबे समय तक टॉयलेट पर बैठे रहना बवासीर के प्रमुख कारणों में से एक माना जाता है।

अध्ययन कैसे किया गया?

इस अध्ययन में 125 वयस्कों को शामिल किया गया, जो नियमित जांच के लिए कोलोनोस्कोपी करवाने आए थे। इन लोगों से उनकी रोजमर्रा की आदतों और बाथरूम में बिताए गए समय के बारे में ऑनलाइन प्रश्नावली भरवाई गई। साथ ही डॉक्टरों ने यह भी जांचा कि किसे बवासीर की समस्या है।

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अध्ययन में शामिल 125 वयस्कों में से 66 प्रतिशत ने टॉयलेट में स्मार्टफोन उपयोग करने की आदत स्वीकार की।

प्रतिभागियों में से लगभग 66 प्रतिशत लोगों ने बताया कि वे टॉयलेट पर बैठकर स्मार्टफोन का उपयोग करते हैं। जो लोग फोन का इस्तेमाल करते थे, वे आमतौर पर उन लोगों से कम उम्र के थे जो फोन का उपयोग नहीं करते थे।

शोध में क्या सामने आया?

शोधकर्ताओं ने उम्र, शारीरिक गतिविधि और फाइबर सेवन जैसे अन्य कारणों को ध्यान में रखते हुए विश्लेषण किया। इसके बाद उन्होंने पाया कि टॉयलेट पर फोन इस्तेमाल करने वालों में बवासीर होने का खतरा 46 प्रतिशत अधिक था, तुलना में उन लोगों के जो फोन का उपयोग नहीं करते थे।

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एक और अहम बात यह सामने आई कि फोन उपयोग करने वाले लोग टॉयलेट पर ज्यादा समय बिताते थे। लगभग 37 प्रतिशत स्मार्टफोन उपयोगकर्ताओं ने बताया कि वे हर बार पांच मिनट से अधिक समय तक टॉयलेट पर बैठे रहते हैं, जबकि उपयोग ने करने में यह संख्या केवल सात प्रतिशत के आसपास थी।

फोन और ज्यादा समय का संबंध

जब हम स्मार्टफोन पर सोशल मीडिया, समाचार या वीडियो देखने लगते हैं, तो हमें समय का पता ही नहीं चलता। टॉयलेट पर बैठकर फोन चलाने से व्यक्ति अनजाने में अधिक देर तक बैठा रह सकता है। लंबे समय तक बैठने से गुदा और मलाशय की नसों पर दबाव बढ़ता है, जिससे सूजन की संभावना बढ़ सकती है।

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दिलचस्प बात यह रही कि इस अध्ययन में जोर लगाने और बवासीर के बीच सीधा संबंध नहीं पाया गया। इससे यह संकेत मिलता है कि केवल दबाव डालना ही नहीं, बल्कि लंबे समय तक बैठे रहना भी खतरा बढ़ा सकता है।

डॉक्टरों के लिए क्या संकेत?

यह अध्ययन डॉक्टरों के लिए भी उपयोगी हो सकता है। जब मरीज बवासीर की शिकायत लेकर आते हैं, तो डॉक्टर अब उनसे यह भी पूछ सकते हैं कि वे टॉयलेट पर कितना समय बिताते हैं और क्या वे वहां फोन का उपयोग करते हैं।

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हालांकि यह अध्ययन यह साबित नहीं करता कि स्मार्टफोन सीधे बवासीर का कारण है, लेकिन दोनों के बीच संबंध जरूर दिखाता है। भविष्य में लंबे समय तक किए जाने वाले अध्ययन इस विषय पर और स्पष्ट जानकारी दे सकते हैं।

क्या सावधानी बरतें?

विशेषज्ञों का सुझाव है कि टॉयलेट पर केवल उतना ही समय बिताएं जितना आवश्यक हो। यदि मल त्याग में सामान्य से अधिक समय लग रहा है, तो इसके कारणों पर ध्यान दें। क्या सच में समस्या है, या आप केवल फोन में व्यस्त हैं?

कुछ आसान उपाय अपनाए जा सकते हैं -

  • टॉयलेट में स्मार्टफोन ले जाना बंद करें।

  • बाथरूम में समय सीमित रखें।

  • फाइबर युक्त आहार लें और पर्याप्त पानी पिएं।

  • नियमित व्यायाम करें।

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स्मार्टफोन ने हमारी जिंदगी को आसान बनाया है, लेकिन इसका हर जगह और हर समय उपयोग करना सही नहीं है। टॉयलेट पर बैठकर फोन चलाने की आदत छोटी लग सकती है, लेकिन यह स्वास्थ्य के लिए नुकसानदेह साबित हो सकती है।

इसलिए बेहतर है कि जब भी आप बाथरूम जाएं, तो फोन को बाहर ही छोड़ दें। छोटी सी सावधानी भविष्य में बड़ी समस्या से बचा सकती है।

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