दिल्ली-एनसीआर में मौसम साफ, अरुणाचल में भारी बारिश, पहाड़ों पर गरज-चमक के साथ बर्षा का अलर्ट

दिल्ली में मौसम साफ, मानसून की विदाई तेज, पहाड़ी राज्यों में बारिश का अलर्ट, अरुणाचल में भारी बारिश और कई राज्यों में गरज-चमक का अंदेशा
अरुणाचल प्रदेश में भारी बारिश का अनुमान, जबकि पूर्वोत्तर के कई राज्यों में गरज-चमक और बिजली गिरने की आशंका।
अरुणाचल प्रदेश में भारी बारिश का अनुमान, जबकि पूर्वोत्तर के कई राज्यों में गरज-चमक और बिजली गिरने की आशंका।फोटो साभार: आईस्टॉक
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सारांश
  • दिल्ली-एनसीआर में आज मौसम साफ रहेगा, तेज धूप के बीच अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने का अनुमान है।

  • दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी जारी है, अगले 24 घंटे में कई राज्यों से मानसून की विदाई हो सकती है।

  • उत्तराखंड में भारी बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट है, हिमाचल और जम्मू-कश्मीर में भी मौसम बिगड़ने के आसार।

  • अरुणाचल प्रदेश में भारी बारिश का अनुमान है, जबकि पूर्वोत्तर के कई राज्यों में गरज-चमक और बिजली गिरने की आशंका है।

  • दक्षिण और पूर्वी राज्यों में तेज हवाओं के साथ गरज-चमक होगी, आंध्र प्रदेश में सतही हवाएं चल सकती हैं।

दिल्ली-एनसीआर में शुक्रवार को मौसम साफ रहने की संभावना है। सुबह से ही तेज धूप खिली हुई है और आसमान साफ बना हुआ है। मौसम विभाग की ओर से दो अक्टूबर, 2026 को जारी पूर्वानुमान के अनुसार, राजधानी और आसपास के इलाकों में आज बारिश की कोई संभावना नहीं है। दिन में अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है, जबकि रात में न्यूनतम तापमान करीब 23 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है।

बारिश नहीं होने और धूप निकलने के कारण दिन में गर्मी महसूस हो सकती है। हालांकि सुबह और रात के समय तापमान में कुछ कमी रहने से मौसम अपेक्षाकृत आरामदायक रहेगा।

मानसून की विदाई जारी

देश के कई इलाकों से दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी जारी है। मौसम विभाग के मुताबिक, मानसून की वापसी की रेखा इस समय पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, राजस्थान और गुजरात के कई इलाकों से होकर गुजर रही है। अगले 24 घंटों के दौरान मानसून के कुछ और हिस्सों से पीछे हटने के लिए परिस्थितियां अनुकूल होने की संभावना है।

मानसून की वापसी के साथ उत्तर भारत में मौसम धीरे-धीरे शुष्क होने लगेगा। दिल्ली-एनसीआर में भी आने वाले दिनों में बारिश की गतिविधियों में कमी देखने को मिल सकती है। हालांकि स्थानीय मौसम परिस्थितियों के कारण कुछ इलाकों में बदलाव संभव है।

पश्चिमी विक्षोभ पड़ा कमजोर

उत्तर हरियाणा और आसपास के इलाकों में बना पश्चिमी विक्षोभ अब कमजोर पड़ गया है। वहीं मध्य और ऊपरी वायुमंडल में पश्चिमी हवाओं के साथ बना ट्रफ भी पूर्व-उत्तर-पूर्व दिशा की ओर आगे बढ़ गया है। इसके चलते उत्तर भारत में मौसम की गतिविधियों में कमी आने की संभावना है।

पहाड़ी राज्यों में बिगड़ सकता है मौसम

जहां दिल्ली में मौसम साफ रहने का अनुमान है, वहीं पहाड़ी राज्यों में बारिश की स्थिति अलग रह सकती है। उत्तराखंड में भारी बारिश के साथ तेज हवाएं चलने की चेतावनी दी गई है। हिमाचल प्रदेश तथा जम्मू-कश्मीर के कई इलाकों में भी मौसम खराब रहने की आशंका जताई गई है।

पहाड़ी इलाकों में बारिश के कारण सड़क यातायात और सामान्य जनजीवन प्रभावित हो सकता है। ऐसे में इन राज्यों की यात्रा करने वाले लोगों को मौसम की जानकारी पर नजर रखने की सलाह दी गई है।

पूर्वोत्तर में मौसम सक्रिय

उत्तर म्यांमार और उससे सटे मिजोरम-त्रिपुरा के ऊपर बना कम दबाव का क्षेत्र अब कमजोर पड़ गया है। हालांकि इससे जुड़ा चक्रवाती परिसंचरण अभी भी उसी क्षेत्र में मौजूद है। इसके कारण मिजोरम, त्रिपुरा और आसपास के पूर्वोत्तर के इलाकों में बादल, बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां बनी रह सकती हैं।

आज, दो अक्टूबर, 2026 को अरुणाचल प्रदेश के कुछ हिस्सों में भारी बारिश हो सकती है। विभाग ने अरुणाचल में भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। यहां 64.5 से 115.5 मिमी तक बारिश हो सकती है। अरुणाचल प्रदेश में भारी बारिश के साथ तेज हवाएं और आंधी की स्थिति भी बन सकती है।

वहीं आज, असम और मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा के कुछ हिस्सों में गरज के साथ बिजली गिरने की आशंका जताई गई है। मौसम विभाग ने खराब मौसम के दौरान लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है।

दक्षिण और पूर्वी राज्यों में गरज-चमक

केरल और माहे, लक्षद्वीप तथा तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में कुछ हिस्सों में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं। इन राज्यों में हवाओं की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने के आसार हैं।

वहीं आज, आंध्र प्रदेश, ओडिशा तथा उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम के कुछ हिस्सों में भी गरज के साथ वज्रपात और तेज हवाएं चलने की आशंका है। आंध्र प्रदेश में कुछ इलाकों में तेज सतही हवाएं भी चल सकती हैं।

कुछ हिस्सों में तापमान सामान्य से अधिक

मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, देश के कुछ हिस्सों में तापमान सामान्य से काफी ऊपर बना हुआ है। असम और मेघालय के कुछ हिस्सों में अधिकतम तापमान सामान्य से 5.1 डिग्री सेल्सियस से अधिक रहा। वहीं, पूर्वी उत्तर प्रदेश और हिमाचल प्रदेश के कुछ हिस्सों में न्यूनतम तापमान भी सामान्य से काफी अधिक दर्ज किया गया।

एक अक्टूबर, 2026 को राजस्थान के पिलानी में सबसे अधिक अधिकतम तापमान 39.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं, देश के मैदानी इलाकों में असम के हाफलोंग में सबसे कम न्यूनतम तापमान 16.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ।

कुल मिलाकर, मानसून की वापसी के साथ देश के मौसम में बदलाव का दौर जारी है। उत्तर भारत में जहां धीरे-धीरे मौसम शुष्क हो रहा है, वहीं दक्षिण और पूर्वोत्तर के कुछ हिस्सों में बारिश, तेज हवाओं और गरज-चमक का असर अभी बना हुआ है।

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