

पश्चिमी राजस्थान से आज मानसून की विदाई शुरू होने के संकेत, अगले कुछ दिनों में देश के कई हिस्सों में बदलेगा मौसम।
अंडमान सागर में आज शाम कम दबाव बनने के आसार, प्रणाली के अगले तीन-चार दिनों में ओडिशा और आंध्र तट पहुंचने का अनुमान।
अंडमान-निकोबार में भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान, कई राज्यों में भारी बारिश और तेज हवाओं की चेतावनी।
दिल्ली में आंशिक बादल छाए रहेंगे, हल्की बूंदाबांदी संभव, लेकिन भारी बारिश की संभावना नहीं, उमस रहेगी।
किसानों को जल निकासी की व्यवस्था रखने और आम लोगों को गरज-चमक के दौरान सावधानी बरतने की सलाह।
देश में दक्षिण-पश्चिम मानसून अब धीरे-धीरे वापसी की ओर बढ़ रहा है। मौसम विभाग के अनुसार, आज 19 सितंबर 2026 को पश्चिमी राजस्थान के कुछ हिस्सों से मानसून की विदाई शुरू हो सकती है। हालांकि मानसून की वापसी के बीच देश के कई राज्यों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का दौर जारी रहने की संभावना है।
अंडमान सागर में बन रहा कम दबाव
उत्तर अंडमान सागर और आसपास के इलाकों में बना ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण सक्रिय है। यह समुद्र तल से करीब 5.8 किमी की ऊंचाई तक फैला हुआ है। इसके प्रभाव से आज शाम के आसपास इसी इलाके में कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है।
मौसम विभाग के अनुसार, यह मौसम प्रणाली धीरे-धीरे मजबूत हो सकती है और अगले तीन से चार दिनों में पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ते हुए दक्षिण ओडिशा और उत्तर आंध्र प्रदेश के तट की ओर पहुंच सकती है। इसके कारण ओडिशा, आंध्र प्रदेश और आसपास के इलाकों में बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां बढ़ सकती हैं।
इसके अलावा उत्तर गुजरात और आसपास बना ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण अब पश्चिमी मध्य प्रदेश और गुजरात से सटे इलाकों में पहुंच गया है। यह समुद्र तल से करीब 1.5 से 3.1 किमी की ऊंचाई पर बना हुआ है। इसके कारण मध्य भारत के कुछ हिस्सों में भी मौसम सक्रिय रह सकता है।
आज कई राज्यों में भारी बारिश का अनुमान
उपरोक्त मौसमीय प्रणालियों को देखते हुआ मौसम विभाग ने आज, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के कुछ हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश होने का अंदेशा जताया गया है। यहां बारिश के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। अंडमान और निकोबार में 115.6 से 204.4 मिमी तक बारिश हो सकती है।
वहीं आज, आज 19 सितंबर, 2026 को आंध्र प्रदेश, पूर्वी राजस्थान, केरल-माहे, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा, ओडिशा, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल तथा तेलंगाना के कुछ हिस्सों में भारी बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने यहां भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। इन सभी राज्यों में 64.5 से 115.5 मिमी तक बादल बरस सकती हैं।
तेज हवाओं और आंधी का भी अलर्ट
बारिश के साथ कई राज्यों में गरज-चमक और तेज हवाओं का भी अंदेशा जताया गया है। अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, बिहार तथा तमिलनाडु-पुडुचेरी के कुछ हिस्सों में 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं।
वहीं आज, आंध्र प्रदेश, पूर्वी राजस्थान, पश्चिम बंगाल, झारखंड, ओडिशा, कर्नाटक, तेलंगाना और महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों में 30 से 40 किमी प्रति घंटे की गति से हवाएं चलने का अनुमान है।
दिल्ली में गर्मी और उमस
राजधानी दिल्ली में शनिवार को आसमान आंशिक रूप से बादल छाए रहने की संभावना है। कुछ हिस्सों में हल्की बूंदाबांदी हो सकती है, लेकिन भारी बारिश की संभावना नहीं है। शुक्रवार को भी बारिश का अनुमान जताया गया था, लेकिन दिल्ली में बारिश नहीं हुई। हालांकि दिनभर बादल छाए रहे।
मौसम विभाग के अनुसार, दिल्ली में अधिकतम तापमान करीब 35 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस रह सकता है। दिन में गर्मी के साथ उमस भी महसूस होगी। सुबह के समय आर्द्रता करीब 70 प्रतिशत रहने का पूर्वानुमान है।
कई राज्यों में तापमान सामान्य से अधिक
कई राज्यों में तापमान सामान्य से ऊपर बना हुआ है। रायलसीमा के कुछ हिस्सों में अधिकतम तापमान सामान्य से 5.1 डिग्री सेल्सियस से अधिक रहा। तटीय आंध्र प्रदेश, यनम और कर्नाटक के कुछ हिस्सों में भी अधिकतम तापमान सामान्य से काफी अधिक दर्ज किया गया। वहीं असम और मेघालय, पश्चिम बंगाल के पहाड़ी इलाकों, सिक्किम, बिहार, उत्तर प्रदेश और पूर्वी मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में न्यूनतम तापमान सामान्य से 5.1 डिग्री सेल्सियस से अधिक रहा।
18 सितंबर, 2026 को तमिलनाडु के पालायमकोट्टई में सबसे अधिक अधिकतम तापमान 39.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मैदानी इलाकों में सबसे कम न्यूनतम तापमान 16.6 डिग्री सेल्सियस हिमाचल प्रदेश के मंडी में दर्ज हुआ।
किसानों और आम लोगों के लिए सलाह
बदलते मौसम को देखते हुए किसानों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। भारी बारिश वाले इलाकों में खेतों से पानी निकासी की व्यवस्था रखें और तैयार फसल को सुरक्षित व सूखे स्थान पर रखें। बारिश के दौरान कीटनाशक और उर्वरक का छिड़काव टाल दें। तेज हवा से फसलों को बचाने के लिए कमजोर पौधों को सहारा दें।
आम लोगों को गरज-चमक और बिजली चमकने के दौरान खुले मैदान, पेड़ और जल स्रोतों से दूर रहने की सलाह दी गई है। तेज हवाओं के दौरान घर की खिड़कियां बंद रखें और बाहर रखी हल्की वस्तुओं को सुरक्षित स्थान पर रखें। दिल्ली में गर्मी और उमस को देखते हुए पर्याप्त पानी पीना और तेज धूप से बचना जरूरी है। लोगों को मौसम विभाग की ताजा चेतावनियों पर नजर रखने की सलाह दी गई है।