

मानसून धीरे-धीरे आगे बढ़ रहा है, कई राज्यों में बारिश और आंधी का अलर्ट, जबकि बिहार और पूर्वी यूपी में लू जारी।
दिल्ली-एनसीआर में मानसून का इंतजार बढ़ा, आज उमस करेगी परेशान, गरज-चमक और तेज हवाओं की भी संभावना।
पूर्वोत्तर, महाराष्ट्र और ओडिशा समेत कई राज्यों में भारी बारिश की चेतावनी, कुछ हिस्सों में ऑरेंज अलर्ट जारी।
उत्तर-पश्चिम भारत में आंधी और तेज हवाओं का असर, पश्चिमी राजस्थान में धूल भरी आंधी की आशंका।
मानसून की प्रगति से कई राज्यों को राहत मिलेगी, लेकिन लू और उमस अभी भी चुनौती बनी हुई है।
देश के कई हिस्सों में मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है। हरियाणा और आसपास के इलाकों पर बना पश्चिमी विक्षोभ तथा ऊपरी हवा में सक्रिय चक्रवाती परिसंचरण मौसम पर असर डाल रहा है। इसके साथ ही दक्षिण-पश्चिम मानसून भी धीरे-धीरे आगे बढ़ रहा है। मौसम विभाग के द्वारा आज सुबह, 25 जून, 2026 को जारी पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दिनों में कई राज्यों में गरज-चमक, तेज हवाएं और बारिश की गतिविधियां जारी रहने की संभावना है।
उत्तर-पश्चिम भारत में आंधी और तेज हवाओं का अनुमान
मौसम विभाग के मुताबिक आज, 25 जून, 2026 को पूर्वी राजस्थान, हरियाणा, पंजाब, उत्तराखंड तथा जम्मू और कश्मीर के कई इलाकों में गरज के साथ बारिश और तेज हवाएं चल सकती हैं। पश्चिमी राजस्थान में कुछ हिस्सों में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और धूल भरी आंधी आने की आशंका जताई गई है।
दिल्ली-एनसीआर में उमस करेगी परेशान
दिल्ली-एनसीआर के लोगों को मानसून के लिए अभी कुछ दिन और इंतजार करना पड़ सकता है। हालांकि इस दौरान मौसम पूरी तरह शुष्क नहीं रहेगा। आज, 25 जून को दिल्ली और आसपास के इलाकों में नमी का स्तर काफी अधिक रहने के आसार हैं। अधिकतम तापमान के 39 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का पूर्वानुमान है।
हवा में नमी बढ़ने से लोगों को चिपचिपी गर्मी का सामना करना पड़ेगा। मौसम विभाग का कहना है कि आज सप्ताह का सबसे अधिक उमस वाला दिन हो सकता है। दिल्ली-एनसीआर में गरज-चमक के साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अंदेशा जताया गया है।
विभाग ने ऐसे मौसम में लोगों को सावधानी बरतनी चाहिए। खुले स्थानों पर खड़े रहने और पेड़ों के नीचे शरण लेने से बचने की सलाह दी है। तेज हवाओं के कारण कमजोर ढांचों और होर्डिंग्स को भी नुकसान पहुंच सकता है।
मध्य और पूर्वी भारत में भी मौसम सक्रिय
आज, बिहार, झारखंड, मध्य महाराष्ट्र, मराठवाड़ा और पश्चिम मध्य प्रदेश में भी तेज आंधी और गरज-चमक का अंदेशा जताया गया है। इन राज्यों के कुछ हिस्सों में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं।
गुजरात, ओडिशा, पश्चिम बंगाल, सिक्किम, विदर्भ और तटीय आंध्र प्रदेश में भी गरज के साथ बारिश और तेज हवाओं का अनुमान है। तेलंगाना, तमिलनाडु, पुडुचेरी और रायलसीमा में भी मौसम विभाग ने गरज-चमक और तेज हवाओं की चेतावनी जारी की है।
कई राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट
पूर्वोत्तर भारत में मानसून पूरी तरह सक्रिय बना हुआ है। अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भारी बारिश की संभावना बनी हुई है। इसके अलावा झारखंड, ओडिशा, महाराष्ट्र, कोंकण-गोवा, तेलंगाना, तटीय कर्नाटक और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल में भी बादलों के जमकर बरसने के आसार हैं। इन सभी राज्यों में 64.5 से 115.5 मिमी तक बारिश हो सकती है। विभाग ने इन राज्यों के कुछ हिस्सों में बारिश के लिए येलो तथा कुछ में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
कल, 24 जून, 2026 को अरुणाचल प्रदेश के केयी पन्योर जिले में भारी बारिश के कारण अचानक बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हुई। इस आपदा में एक व्यक्ति की मृत्यु हो गई, जबकि 17 लोग घायल और कई लापता बताए जा रहे हैं। प्रशासन राहत और बचाव कार्यों में जुटा हुआ है।
अगले कुछ दिनों में उत्तर भारत के कई हिस्सों में दस्तक देगा मानसून
दक्षिण-पश्चिम मानसून लगातार आगे बढ़ रहा है। 24 जून तक मानसून की उत्तरी सीमा सूरत, इंदौर, मंडला, डाल्टनगंज और मोतिहारी से होकर गुजर रही है। इससे संकेत मिलता है कि मानसून देश के मध्य और पूर्वी हिस्सों में अच्छी प्रगति कर रहा है।
मौसम विभाग ने अपने ताजा अपडेट में कहा है कि आगामी दो से तीन दिनों के दौरान मानसून के आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं। इस दौरान उत्तर अरब सागर के कुछ और हिस्सों, गुजरात, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ के शेष हिस्सों, झारखंड, बिहार तथा उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में मानसून के पहुंचने की संभावना है।
इसके बाद अगले दो से तीन दिनों में मानसून और तेजी पकड़ सकता है। मौसम विभाग का अनुमान है कि गुजरात, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के अतिरिक्त क्षेत्रों के साथ-साथ उत्तराखंड के कुछ हिस्सों में भी मानसून आगे बढ़ेगा। मानसून के विस्तार के साथ इन राज्यों में बारिश की गतिविधियों में बढ़ोतरी होने की संभावना है।
तापमान में उतार-चढ़ाव जारी, उत्तर-पश्चिम भारत में फिर बढ़ सकती है गर्मी
मौसम विभाग के मुताबिक, देश के विभिन्न हिस्सों में आने वाले दिनों में तापमान में अलग-अलग तरह के बदलाव देखने को मिल सकते हैं। उत्तर-पश्चिम भारत में 25 जून तक अधिकतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव होने की संभावना नहीं है। हालांकि 26 से 28 जून के बीच तापमान में दो से तीन डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हो सकती है। इसके बाद तापमान में फिर दो से तीन डिग्री सेल्सियस की गिरावट आने का अनुमान है।
मध्य भारत के राज्यों में 28 जून तक अधिकतम तापमान में धीरे-धीरे दो से तीन डिग्री सेल्सियस की कमी आने की संभावना है। इसके बाद तापमान में कोई खास बदलाव होने की उम्मीद नहीं है। वहीं महाराष्ट्र में 25 जून तक तापमान दो से चार डिग्री सेल्सियस तक घट सकता है, लेकिन इसके बाद फिर धीरे-धीरे दो से चार डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की जा सकती है।
इसके अलावा देश के अधिकतर इलाकों में 30 जून तक अधिकतम तापमान में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है और मौसम लगभग स्थिर बना रह सकता है।
वहीं कल, 24 जून, 2026 को दर्ज आंकड़ों के अनुसार, उत्तर प्रदेश के बांदा में देश का सबसे अधिक अधिकतम तापमान 44.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। वहीं मैदानी इलाकों में सबसे कम न्यूनतम तापमान 19.5 डिग्री सेल्सियस उत्तर प्रदेश के हरदोई में दर्ज किया गया।
मौसम विभाग का कहना है कि जहां मानसून आगे बढ़ रहा है, वहां बारिश के कारण तापमान में गिरावट देखने को मिलेगी। दूसरी ओर जिन इलाकों में मानसून अभी नहीं पहुंचा है, वहां लोगों को गर्मी और उमस का सामना करना पड़ सकता है।
बिहार और पूर्वी उत्तर प्रदेश में लू का कहर, मौसम विभाग ने जारी की चेतावनी
देश के कई हिस्सों में मानसून की गतिविधियां बढ़ने के बावजूद बिहार, पूर्वी उत्तर प्रदेश और पूर्वी मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में भीषण गर्मी और लू का प्रकोप जारी है। मौसम विभाग ने इन राज्यों के अलग-अलग हिस्सों में हीटवेव यानी लू चलने का अंदेशा जताया है।
पिछले 24 घंटों के दौरान पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई इलाकों में लू चली, जबकि कुछ हिस्सों में लोगों को भीषण लू का सामना करना पड़ा। बिहार के कुछ हिस्सों में भी लू का असर देखा गया। दिन के समय तापमान सामान्य से अधिक बना रहा, जिससे लोगों को अत्यधिक गर्मी महसूस हुई।
मौसम विभाग का कहना है कि मानसून के पूरी तरह सक्रिय होने से पहले इन इलाकों में गर्म और शुष्क हवाएं चल रही हैं। इसके कारण दिन का तापमान ऊंचा बना हुआ है और लोगों को गर्मी से राहत नहीं मिल पा रही है। कई स्थानों पर रात के समय भी तापमान अपेक्षाकृत अधिक रहने से गर्म रात (वार्म नाईट) जैसी स्थिति महसूस की जा रही है।
विभाग ने लोगों को दोपहर के समय धूप में निकलने से बचने, पर्याप्त पानी पीने और स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी गई है।
किसानों के लिए जरूरी सलाह
मौसम में लगातार बदलाव को देखते हुए किसानों को विशेष सतर्कता बरतने की आवश्यकता है। जिन क्षेत्रों में आंधी और बारिश की आशंका है, वहां किसान पकी हुई फसलों की कटाई और सुरक्षित भंडारण का कार्य जल्द पूरा करें। खेतों में जल निकासी की उचित व्यवस्था रखें ताकि भारी बारिश के दौरान पानी जमा न हो।
पशुपालकों को भी अपने पशुओं को सुरक्षित स्थान पर रखने की सलाह दी गई है। बिजली गिरने की आशंका वाले समय में पशुओं और लोगों को खुले मैदानों से दूर रखना चाहिए।
आने वाले दिनों में देश के अधिकांश हिस्सों में मौसम सक्रिय बना रहने की संभावना है। एक ओर मानसून की रफ्तार बढ़ने से कई राज्यों में बारिश का दायरा बढ़ेगा, वहीं दूसरी ओर कुछ इलाकों में उमस, गर्मी और लू लोगों की परेशानी बढ़ा सकती है।
मौसम विभाग ने लोगों और किसानों को स्थानीय मौसम चेतावनियों पर नजर रखने तथा आवश्यक सावधानियां बरतने की सलाह दी है। जून के अंतिम सप्ताह और जुलाई की शुरुआत में मानसून के और आगे बढ़ने के साथ उत्तर भारत के कई हिस्सों को भी गर्मी से राहत मिल सकती है।