पश्चिमी विक्षोभ के कारण देशभर में मौसम का मिजाज बदला, कई राज्यों में बारिश और आंधी का अलर्ट

पश्चिमी विक्षोभ व देश के विभिन्न हिस्सों में बने चक्रवाती प्रसार के असर से देशभर में मौसम में बदलाव, कई राज्यों में बारिश, आंधी और बिजली गिरने का अंदेशा, तापमान में गिरावट दर्ज
आज, अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय में गरज-चमक के साथ भारी बारिश का अनुमान, यहां 64 से 115 मिमी तक बारिश संभव।
आज, अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय में गरज-चमक के साथ भारी बारिश का अनुमान, यहां 64 से 115 मिमी तक बारिश संभव।फोटो साभार: आईस्टॉक
Published on
सारांश
  • पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से देशभर के मौसम में अचानक बदलाव, कई राज्यों में गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाएं।

  • हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के पहाड़ी इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी के आसार।

  • झारखंड, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में तेज हवाओं के साथ आंधी-तूफान और बिजली गिरने का अंदेशा।

  • अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय में गरज-चमक के साथ भारी बारिश का अनुमान, यहां 64 से 115 मिमी तक बारिश संभव।

  • दिल्ली में अगले कुछ दिनों तक बादलों की आवाजाही, 18 मार्च की रात हल्की बारिश, साथ में 20 से 40 किमी की तेज हवाएं।

देश के कई हिस्सों में गर्मी धीरे-धीरे बढ़ने लगी थी, खासकर उत्तर भारत लगातार तप रहा था। लेकिन अचानक मौसम ने करवट ले ली। गरज के साथ हल्की से मध्यम बारिश और बादलों के कारण कई जगह पर तापमान में गिरावट दर्ज की गई है।

भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने आज सुबह, 17 मार्च 2026 को जारी पूर्वानुमान में, आने वाले दिनों के लिए कई राज्यों में बारिश, आंधी और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया है। विभाग की मानें तो अगले कुछ दिनों तक देश के अलग-अलग हिस्सों में गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना बनी हुई है।

मौसम में आए इस बदलाव का मुख्य कारण सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ और हवाओं का चक्रवाती प्रसार है। पश्चिमी विक्षोभ एक मौसम प्रणाली है जो भूमध्यसागर से चलकर उत्तर भारत तक पहुंचती है और यहां बारिश तथा बर्फबारी कराती है। इस समय पश्चिमी विक्षोभ पंजाब के ऊपर ऊपरी वायुमंडल में सक्रिय है। साथ ही पूर्वी भारत के ऊपर उपोष्णकटिबंधीय पछुआ जेट स्ट्रीम चल रही है। इन मौसमी प्रणालियों के कारण उत्तर-पश्चिम भारत और पहाड़ी क्षेत्रों में बादल छाए हुए हैं और कई जगह बारिश भी हो रही है।

17 मार्च, यानी आज रात से एक नया पश्चिमी विक्षोभ उत्तर-पश्चिम भारत के मौसम में बदलाव कर सकता है। इसके कारण आने वाले दिनों में मौसम में और बदलाव देखने को मिल सकता है।

पश्चिमी हिमालयी इलाकों में बारिश और बर्फबारी

पश्चिमी हिमालयी इलाकों में मौसम में बदलाव जारी है। यहां कई इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश और ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी हो सकती है। जिन राज्यों में मौसम ज्यादा खराब रहने के आसार हैं उनमें हिमाचल प्रदेश, जम्मू और कश्मीर तथा लद्दाख शामिल हैं, जहां गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाएं चल सकती हैं। हवा की गति 40 से 50 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। इससे तापमान में भी गिरावट आ सकती है।

कई राज्यों में आंधी-तूफान और गरज-चमक का अलर्ट

मौसम विभाग ने आज, देश के कई राज्यों में आंधी और बिजली गिरने की आशंका जताई है। कुछ राज्यों में 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। इनमें झारखंड, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा शामिल हैं।

इसके अलावा कई अन्य राज्यों में भी गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाएं चलने की संभावना है। इनमें बिहार, छत्तीसगढ़, ओडिशा, तेलंगाना, महाराष्ट्र और पश्चिम बंगाल शामिल हैं। इन राज्यों के कुछ हिस्सों में बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने का अंदेशा जताया गया है।

पूर्वोत्तर भारत में भारी बारिश के आसार

देश के विभिन्न इलाकों में बने चक्रवाती प्रसार के चलते पूर्वोत्तर भारत के कुछ राज्यों में भारी बारिश होने का भी अनुमान है। मौसम विभाग के अनुसार, 17 मार्च को अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय में वज्रपात होने तथा गरज के साथ भारी बारिश होने का अंदेशा जताया गया है। इन राज्यों में 64.5 से 115.5 मिमी तक बरस सकते हैं बादल।

राजधानी दिल्ली में कैसा रहेगा मौसम का मिजाज?

देश की राजधानी दिल्ली में भी मौसम में हल्का बदलाव देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले कुछ दिनों तक आसमान में बादलों की आवाजाही लगी रह सकती है। दिल्ली में अधिकतम तापमान के 34 डिग्री, जबकि न्यूनतम तापमान के 16 डिग्री सेल्सियस रहने का पूर्वानुमान है।

मौसम विभाग का कहना है कि पश्चिमी विक्षोभ के चलते 18 मार्च की रात को दिल्ली में हल्की बारिश या बूंदाबांदी हो सकती है। इसके साथ ही गरज-चमक और 20 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की भी संभावना है।

तापमान में उतार-चढ़ाव

मौसम विभाग के अनुसार, देश के अलग-अलग हिस्सों में तापमान में भी बदलाव देखने को मिलेगा। उत्तर-पश्चिम भारत में अगले तीन दिनों तक अधिकतम तापमान में तीन से पांच डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हो सकती है। इसके बाद अगले दो दिनों में तापमान में चार से सात डिग्री तक गिरावट आ सकती है।

मध्य भारत में भी तापमान में बदलाव की संभावना है। कुछ दिनों बाद यहां तापमान में तीन से पांच डिग्री तक गिरावट हो सकती है। पश्चिमी भारत के कुछ हिस्सों जैसे गुजरात और महाराष्ट्र में भी अगले कुछ दिनों में तापमान में हल्की गिरावट देखने को मिल सकती है।

देश भर में अधिकतम और न्यूनतम तापमान की बात करें तो कल, 16 मार्च, 2026 को महाराष्ट्र के वाशिम और छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव में अधिकतम तापमान 40.5 डिग्री सेल्सियस रहा। जबकि कल, देश के मैदानी इलाकों में पंजाब के गुरदासपुर में न्यूनतम तापमान 10.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

पिछले 24 घंटे में कहां और कितने बरसे बादल

पिछले 24 घंटे में देश के कई हिस्सों में बारिश दर्ज की गई। पहाड़ी इलाकों में बारिश की मात्रा ज्यादा रही। विशेष रूप से धर्मशाला में लगभग तीन सेमी बारिश दर्ज की गई। इसके अलावा मनाली और कांगड़ा में 2 सेमी बारिश हुई। पूर्वोत्तर भारत में अरुणाचल प्रदेश के पासीघाट में भी 2 सेमी बारिश दर्ज की गई।

कुल मिलाकर देश के कई हिस्सों में मौसम अचानक बदल गया है। पश्चिमी विक्षोभ व हवाओं के चक्रवाती प्रसार के कारण बादल, बारिश, आंधी और तेज हवाओं का असर देखा जा रहा है। आने वाले कुछ दिनों तक कई राज्यों में मौसम के ऐसे ही बने रहने की संभावना है।

मौसम विभाग ने लोगों को सावधान रहने और मौसम से जुड़ी ताजा जानकारी पर ध्यान देने की सलाह दी है। खासकर उन क्षेत्रों में जहां तेज हवाएं, बिजली गिरने और भारी बारिश की आशंका जताई गई है।

Related Stories

No stories found.
Down to Earth- Hindi
hindi.downtoearth.org.in