जापान के कुमामोतो में 7.1 तीव्रता का भूकंप, कई इमारतें गिरीं, सुनामी की चेतावनी

7.1 तीव्रता के शक्तिशाली भूकंप से कांपा कुमामोतो, इमारतें गिरीं, आग लगी, सुनामी की चेतावनी जारी, हजारों घरों की बिजली गुल, लोग दहशत में
जापान के कुमामोतो प्रांत में 7.1 तीव्रता का शक्तिशाली भूकंप आया, कई इमारतें गिरीं और लोगों में दहशत फैल गई।
जापान के कुमामोतो प्रांत में 7.1 तीव्रता का शक्तिशाली भूकंप आया, कई इमारतें गिरीं और लोगों में दहशत फैल गई।प्रतीकात्मक छवि, साभार: आईस्टॉक
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सारांश
  • जापान के कुमामोतो प्रांत में 7.1 तीव्रता का शक्तिशाली भूकंप आया, कई इमारतें गिरीं और लोगों में दहशत फैल गई।

  • भूकंप के बाद तेज आफ्टरशॉक आया, प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने और सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की।

  • कई जगह आग लगने और बिजली बाधित होने के बीच तटीय इलाकों के लिए सुनामी की चेतावनी भी जारी की गई।

  • सरकार ने बताया कि सभी परमाणु बिजली संयंत्र सुरक्षित हैं, जबकि राहत और बचाव दल प्रभावित क्षेत्रों में लगातार तैनात हैं।

  • वर्ष 2016 के विनाशकारी भूकंप की यादें फिर ताजा हुईं, कुमामोतो क्षेत्र में नुकसान का आकलन तेजी से जारी है।

जापान के कुमामोतो प्रांत में मंगलवार को 7.1 तीव्रता का शक्तिशाली भूकंप आया। यह भूकंप इतना तेज था कि पूरे इलाके में लोगों के बीच डर और अफरा-तफरी फैल गई। जापान मौसम विज्ञान एजेंसी के अनुसार, भूकंप की तीव्रता जापानी भूकंप माप प्रणाली पर शिंदो 7 दर्ज की गई, जो इस पैमाने का सबसे ऊंचा स्तर है। अधिकारियों ने लोगों से सुरक्षित स्थानों पर रहने और सतर्क रहने की अपील की है।

आधे घंटे बाद आया तेज झटका

रिपोर्ट के मुताबिक, मुख्य भूकंप के लगभग 30 मिनट बाद एक और तेज झटका महसूस किया गया। इस आफ्टरशॉक की तीव्रता शिंदो स्केल पर कमजोर 5 दर्ज की गई। विशेषज्ञों ने कहा कि आने वाले समय में और भी बड़े झटके आ सकते हैं। इसी कारण लोगों को घरों से बाहर सुरक्षित स्थानों पर रहने और किसी भी तरह की अफवाहों से बचने की सलाह दी गई है।

मौसम विभाग के नक्शे में पीले रंग से दिखाए गए एरियाके और यात्सुशिरो समुद्री इलाकों के लिए सुनामी की चेतावनी जारी की गई
मौसम विभाग के नक्शे में पीले रंग से दिखाए गए एरियाके और यात्सुशिरो समुद्री इलाकों के लिए सुनामी की चेतावनी जारी की गईस्रोत: जापान मौसम विज्ञान एजेंसी

कई इमारतें गिरीं, जगह-जगह लगी आग

राष्ट्रीय प्रसारक एनएचके की तस्वीरों में कई इमारतों के गिरने की जानकारी सामने आई। सबसे अधिक नुकसान भूकंप के केंद्र के पास स्थित उकी शहर में देखा गया। शहर के अग्निशमन विभाग को बड़ी संख्या में आपातकालीन कॉल मिलीं। अधिकारियों ने बताया कि कई स्थानों पर आग लग गई, जिससे बचाव कार्य और कठिन हो गया। राहत और बचाव दल तुरंत प्रभावित इलाकों में भेजे गए।

सुनामी की चेतावनी जारी

भूकंप के बाद जापान मौसम विज्ञान एजेंसी ने आरियाके सागर और यात्सुशिरो सागर के तटीय इलाकों के लिए सुनामी की चेतावनी जारी की। लोगों से कहा गया कि वे समुद्र तटों से दूर रहें और ऊंचे स्थानों पर चले जाएं। सरकार ने बताया कि करीब एक मीटर ऊंची सुनामी लहरें आने की आशंका है। पहली लहर भूकंप के कुछ समय बाद तट तक पहुंचने की आशंका जताई गई, जबकि आगे और लहरें आने का भी खतरा बना हुआ था।

परमाणु संयंत्र सुरक्षित

भूकंप के बाद सरकार ने तुरंत सभी प्रमुख परमाणु बिजली संयंत्रों की स्थिति की जांच कराई। रिपोर्ट के मुताबिक, कागोशिमा प्रांत के सेंदाई परमाणु संयंत्र सहित किसी भी परमाणु केंद्र में कोई असामान्यता नहीं पाई गई है। इससे लोगों को कुछ राहत मिली क्योंकि बड़े भूकंप के बाद परमाणु संयंत्रों की सुरक्षा हमेशा बड़ी चिंता का विषय रहती है।

सबसे ज्यादा असर उकी और हिकावा में

उकी और हिकावा शहरों में शिंदो 7 स्तर का झटका महसूस किया गया। इस स्तर के भूकंप में लोगों के लिए खड़े रहना भी मुश्किल हो जाता है। बिना सहारे रखे गए फर्नीचर गिर सकते हैं या हवा में उछल सकते हैं। मजबूत कंक्रीट की दीवारों को भी नुकसान पहुंच सकता है। इसके अलावा यात्सुशिरो, उतो, माशिकी, मिसातो और कुमामोतो शहर के मिनामी क्षेत्र में भी बहुत तेज झटके महसूस किए गए।

कई प्रांतों में महसूस हुआ भूकंप

भूकंप का असर केवल कुमामोतो तक सीमित नहीं रहा। नागासाकी, कागोशिमा, फुकुओका, सागा और मियाजाकी जैसे पड़ोसी प्रांतों में भी लोगों ने तेज झटके महसूस किए। कई लोग घबराकर अपने घरों और कार्यालयों से बाहर निकल आए। प्रशासन ने सभी इलाकों में स्थिति पर नजर बनाए रखी और लोगों से शांत रहने की अपील की।

बिजली आपूर्ति प्रभावित

भूकंप के कारण कुमामोतो प्रांत में लगभग 48,300 घरों की बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। बिजली कंपनी ने लोगों से अपील की कि वे टूटे हुए बिजली के तारों को हाथ न लगाएं और यदि कहीं कोई खराबी दिखाई दे तो तुरंत इसकी सूचना दें। बिजली बहाल करने के लिए कर्मचारियों की टीमें लगातार काम कर रही हैं।

2016 की त्रासदी फिर आई याद

यह भूकंप ऐसे समय आया है जब कुमामोतो क्षेत्र अभी भी वर्ष 2016 में आए विनाशकारी भूकंपों की याद से पूरी तरह उबर नहीं पाया है। उस समय दो बड़े भूकंपों में 278 लोगों की मौत हुई थी और लगभग 2,800 लोग घायल हुए थे। ऐतिहासिक कुमामोतो किला भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हुआ था।

उसका मरम्मत और पुनर्निर्माण कार्य अभी भी जारी है और इसे पूरा होने में वर्ष 2052 तक का समय लगने की उम्मीद है। नए भूकंप ने एक बार फिर लोगों के मन में पुरानी त्रासदी की याद ताजा कर दी है। सरकार और राहत एजेंसियां लगातार हालात पर नजर रखे हुए हैं और प्रभावित लोगों की हर संभव सहायता करने का प्रयास कर रही हैं।

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