

देश में वायु प्रदूषण की स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। 6 मार्च 2026 को ओडिशा का अंगुल 298 एक्यूआई के साथ देश का सबसे प्रदूषित शहर रहा, जहां ओजोन का स्तर बेहद अधिक पाया गया।
242 शहरों के विश्लेषण से पता चला है कि महज 2.5 फीसदी शहरों में ही हवा साफ है, जबकि 58.3 फीसदी शहरों में वायु गुणवत्ता चिंताजनक बनी हुई है।
विश्लेषण के मुताबिक 06 मार्च 2026 को देश में अंगुल सबसे अधिक प्रदूषित शहर रहा। यहां वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 298 दर्ज किया गया, जो ‘खराब’ श्रेणी में आता है। गौरतलब है कि कल अंगुल में एक्यूआई 250 रिकॉर्ड किया गया था। मतलब कि कल से सूचकांक में 48 अंकों का इजाफा हुआ है।
रुझानों में सामने आया है कि अंगुल की हवा में ओजोन पूरी तरह हावी है। देखा जाए तो वहां फिजाओं में घुला जहर इतना ज्यादा है कि वो लोगों को बेहद बीमार बना देने के लिए काफी है।
अंगुल में स्थिति किस कदर खराब है, इसी बात से समझा जा सकता है कि वहां प्रदूषण का स्तर विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा निर्धारित सुरक्षित सीमा से 390 फीसदी अधिक है।
दूसरी तरफ देश में भिलाई की हवा सबसे साफ है, जहां वायु गुणवत्ता सूचकांक महज 28 रिकॉर्ड किया गया। ऐसे में यदि देश के सबसे प्रदूषित शहर अंगुल की तुलना भिलाई से करें तो वहां स्थिति 10 गुणा खराब है।
इससे पहले कल देश में ब्यासनगर की स्थिति सबसे खराब थी, जब एक्यूआई 302 रिकॉर्ड किया गया। हालांकि आज 108 अंकों के भारी सुधार के साथ वहां सूचकांक घटकर 194 पर पहुंच गया है।
राजधानी दिल्ली की बात करें तो कल से प्रदूषण में इजाफा हुआ है। दिल्ली में जहां कल एक्यूआई 142 दर्ज किया गया था, जो आज बढ़कर 172 पर पहुंच गया। मतलब कि पिछले 24 घंटों में सूचकांक में 30 अंकों का उछाल दर्ज किया गया। चिंता की बात यह है कि दिल्ली में वायु गुणवत्ता अभी भी मानकों से 280 फीसदी अधिक खराब है।
इसी तरफ फरीदाबाद में भी कल से प्रदूषण में इजाफा हुआ है। फरीदाबाद में जहां कल वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 160 दर्ज किया गया था, जो आज बढ़कर 187 पर पहुंच गया। इसका मतलब है कि फरीदाबाद में वायु गुणवत्ता आज भी मध्यम श्रेणी में बनी हुई है।
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा 06 मार्च 2026 को 242 शहरों के लिए जारी आंकड़ों के विश्लेषण से पता चला है कि इनमें से जहां महज 2.5 फीसदी शहरों में हवा साफ है। वहीं 39.3 फीसदी में स्थिति संतोषजनक बनी हुई है, जबकि दूसरी तरफ 58.3 फीसदी शहरों में हालात चिंताजनक हैं। मतलब की देश के ज्यादातर शहरों में आज हवा चिंताजनक बनी हुई है।
बता दें कल से देश में साफ हवा वाले शहरों की गिनती में 14.3 फीसदी की गिरावट आई है। इसी तरह संतोषजनक हवा वाले शहरों की गिनती में भी 14.4 फीसदी की कमी आई है। मध्यम वायु गुणवत्ता वाले शहरों की बात करें तो इनकी संख्या में कल से करीब 17.1 फीसदी का इजाफा हुआ है। इसी तरह खराब गुणवत्ता वाले शहरों की गिनती में भी कल से करीब 157.1 फीसदी की भारी बढ़ोतरी रिकॉर्ड की गई, जोकि चिंता का विषय है।
आंकड़ों से पता चला है कि प्रदूषण के मामले में बहादुरगढ़ (241) दूसरे जबकि गुरुग्राम (238) तीसरे स्थान पर है। इसी तरह 230 अंकों के साथ नंदेसरी चौथे स्थान पर है। अगरतला- बल्लभगढ़ में भी स्थिति कमोबेश ऐसी ही है, जो 225 और 224 अंकों के साथ पांचवें और छठे पायदान पर हैं।
मुजफ्फरनगर (224) सातवें स्थान पर हैं। इसी तरह दस सबसे प्रदूषित शहरों में कुरुक्षेत्र (222), ग्रेटर नोएडा (220) और धारूहेड़ा (216) भी शामिल हैं। गौरतलब है कि आज देश के दस सबसे प्रदूषित शहरों में हरियाणा के पांच शहर (बहादुरगढ़, गुरुग्राम, बल्लभगढ़, कुरुक्षेत्र, धारूहेड़ा) शामिल हैं।
विश्लेषण से यह भी पता चला है कि बहादुरगढ़, गुरुग्राम, नंदेसरी, अगरतला, मुजफ्फरनगर, कुरुक्षेत्र, धारूहेड़ा, हाजीपुर, यमुना नगर, देहरादून, नयागढ़, हापुड़, सिंगरौली, बर्नीहाट, फरीदाबाद, जींद, मंडीदीप, सहरसा, पानीपत, महाड, करनाल, नोएडा, आसनसोल, रायबरेली, लखनऊ, किशनगंज, बद्दी, नलबाड़ी, गुम्मिडीपूंडी, खन्ना आदि शहरों की हवा में प्रदूषण के महीन कण (पीएम2.5) हावी हैं।
वहीं बल्लभगढ़, ग्रेटर नोएडा, भिवाड़ी, सिरसा, गाजियाबाद, अमरावती (आंध्रप्रदेश), बिलीपाड़ा, दिल्ली, धनबाद, श्री गंगानगर, बुलंदशहर, बरेली, मेरठ, बेंगलुरु, विशाखापत्तनम, क्योंझर, कुंजेमुरा, सिलीगुड़ी, जयपुर, जालंधर, चंद्रपुर, मंगुराहा, वातवा, तालचेर, गया, खुर्जा, पटियाला, ग्वालियर, सीकर, टोंक, भोपाल, छपरा, रायरंगपुर, झालावाड़, प्रतापगढ़, हावड़ा, पीथमपुर, चित्तौड़गढ़, हनुमानगढ़, उल्हासनगर, बदलापुर, भिवंडी, पुणे, रामनगर, भीलवाड़ा, मीरा-भायंदर, भावनगर, हल्दिया आदि शहरों में पीएम10 से स्थिति चिंताजनक बनी हुई है।
इसी तरह कुछ शहरों में कार्बन और ओजोन से स्थिति खराब है।
इन शहरों के विपरीत देश के 2.5 फीसदी यानी महज छह शहरों में हवा साफ है। इन साफ हवा वाले शहरों में भिलाई, कल्याण, मदिकेरी, पंचकुला, परभनी, शिलांग आदि शामिल हैं।
आज देश के जिन 95 शहरों में वायु गुणवत्ता सन्तोषजनक है, उनमें चेन्नई, छाल, चिक्कमगलुरु, चित्तूर, चूरू, कोयंबटूर, दमोह, दौसा, धारवाड़, धौलपुर, डूंगरपुर, फतेहाबाद, फिरोजाबाद, गांधीनगर, गंगटोक, गोरखपुर, हिसार, हुबली, हैदराबाद, जबलपुर, जलना, झांसी, कलबुर्गी, कन्नूर, करौली, कटिहार, कोहिमा, कोल्हापुर, कोल्लम, कोरबा, लातूर, लुधियाना, मालेगांव, मंडीखेड़ा, मेहसाणा, मुंबई, मुंगेर, मैसूर, नागौर, नागपुर, नांदेड़, नारनौल, नासिक, नवी मुंबई, पलवल, पंपोर, प्रयागराज, पुदुचेरी, पूर्णिया, रायपुर, राजमहेंद्रवरम, राजगीर, रतलाम, सागर, सतना आदि शामिल हैं।
इन शहरों के उलट आज देश के 123 शहरों में वायु गुणवत्ता मध्यम श्रेणी में है।
इन शहरों में अहमदनगर, अलवर, अमरावती (आंध्रप्रदेश), अररिया, आरा, आसनसोल, बद्दी, बदलापुर, बागपत, बालासोर, बारां, बारबिल, बरेली, बारीपदा, बैरकपुर, बेगूसराय, बेंगलुरु, भागलपुर, भरतपुर, भावनगर, भीलवाड़ा, भिवंडी, भिवानी, भोपाल, भुवनेश्वर, बीकानेर, बिलीपाड़ा, बुलंदशहर, बूंदी, ब्यासनगर, बर्नीहाट, चंडीगढ़, चंद्रपुर, छपरा, चित्तौड़गढ़, कटक, दिल्ली, देवास, धनबाद, धुले, दुर्गापुर, फरीदाबाद, गया, गुम्मिडीपूंडी, गुवाहाटी, ग्वालियर, हल्दिया, हनुमानगढ़, हावड़ा, इंदौर, जयपुर, जैसलमेर, जालंधर, जलगांव, झालावाड़, झुंझुनू, जींद, जोधपुर, कैथल, कानपुर, करनाल, काशीपुर, कटनी, क्योंझर, खन्ना, खुर्जा, किशनगंज, कोलकाता, कोटा, कुंजेमुरा, लखनऊ, महाड, मंडी गोबिंदगढ़, मंडीदीप, मंगुराहा, मेरठ, मिलुपारा, मीरा-भायंदर, मुरादाबाद, मोतिहारी, मुजफ्फरपुर, नागांव, नलबाड़ी, नोएडा, पाली, पंचगांव, पानीपत, पटियाला, पटना, पेरुंदुरई, पिंपरी-चिंचवाड़, पीथमपुर, प्रतापगढ़, पुणे, रायबरेली, रायरंगपुर, राजकोट, राजसमंद, रामनगर, ऋषिकेश, राउरकेला, रूपनगर, सहरसा, समस्तीपुर, सांगली, सासाराम, सवाई माधोपुर, सीकर, सिलीगुड़ी, सिंगरौली, सिवान, सोलापुर, सोनीपत, श्री गंगानगर, तालचेर, तिरुमाला, टोंक, उदयपुर, उज्जैन, उल्हासनगर, वडोदरा, वातवा, विशाखापत्तनम शामिल हैं।
आंकड़ों में यह भी सामने आया है कि आज देश के 18 शहरों में वायु गुणवत्ता खराब है। इन शहरों में अगरतला, अंगुल, बहादुरगढ़, बल्लभगढ़, भिवाड़ी, देहरादून, धारूहेड़ा, गाजियाबाद, ग्रेटर नोएडा, गुरुग्राम, हाजीपुर, हापुड़, कुरुक्षेत्र, मुजफ्फरनगर, नंदेसरी, नयागढ़, सिरसा, यमुना नगर शामिल हैं।
क्या कहते हैं सरकारी आंकड़े
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक देश के 242 में से महज छह शहरों में हवा 'बेहतर' है। 95 शहरों में वायु गुणवत्ता का स्तर 'संतोषजनक' (51-100 के बीच) रिकॉर्ड किया गया, गौरतलब है कि 05 मार्च को यह आंकड़ा 111 दर्ज किया गया था।
123 शहरों में वायु गुणवत्ता 'मध्यम' (101-200 के बीच) बनी हुई है।
दूसरे शहरों की तुलना में आज अंगुल में स्थिति सबसे ज्यादा खराब है, जहां वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 298 पर पहुंच गया। वहीं कल अंगुल में एक्यूआई 250 दर्ज किया गया था। मतलब कि कल से सूचकांक में 48 अंकों का इजाफा हुआ है।
गौरतलब है कि कल देश में ब्यासनगर की हवा सबसे ज्यादा प्रदूषित थी, जब एक्यूआई 302 दर्ज किया गया था। हालांकि आज 108 अंकों के भारी सुधार के साथ वहां सूचकांक घटकर 194 पर पहुंच गया। इसके साथ ही ब्यासनगर में वायु गुणवत्ता आज ‘मध्यम’ श्रेणी में पहुंच गई है।
दिल्ली में कल से प्रदूषण में इजाफा हुआ है। दिल्ली में जहां कल एक्यूआई 142 दर्ज किया गया था, जो आज बढ़कर 172 पर पहुंच गया। मतलब कि पिछले 24 घंटों में सूचकांक में 30 अंकों का उछाल दर्ज किया गया। चिंता की बात यह है कि दिल्ली में वायु गुणवत्ता अभी भी मानकों से 280 फीसदी अधिक खराब है।
इसी तरफ फरीदाबाद में भी कल से प्रदूषण में इजाफा हुआ है। फरीदाबाद में जहां कल वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 160 दर्ज किया गया था, जो आज बढ़कर 187 पर पहुंच गया। इसका मतलब है कि फरीदाबाद में वायु गुणवत्ता आज भी मध्यम श्रेणी में बनी हुई है।
प्रदूषण में उतार-चढ़ाव का दौर लगातार जारी है। प्रदूषण के मामले में 06 मार्च को नंदेसरी चौथे स्थान पर है, वहीं बहादुरगढ़ (241) दूसरे, जबकि गुरुग्राम (238) तीसरे स्थान पर है। अन्य प्रमुख शहरों से जुड़े आंकड़ों पर नजर डालें तो ग्वालियर में इंडेक्स 125, गाजियाबाद में 204, गुवाहाटी में 123, गुरूग्राम में 238, नोएडा में 169, ग्रेटर नोएडा में 220 पर पहुंच गया है।
इसी तरह मुंबई में वायु गुणवत्ता सूचकांक 84 दर्ज किया गया, जो प्रदूषण के ‘संतोषजनक‘ स्तर को दर्शाता है, जबकि लखनऊ में यह इंडेक्स 160, चेन्नई में 86, चंडीगढ़ में 110, हैदराबाद में 90, जयपुर में 144 और पटना में 137 दर्ज किया गया।
इन शहरों में साफ रही हवा
देश के जिन छह शहरों में वायु गुणवत्ता सूचकांक 50 या उससे नीचे यानी 'बेहतर' रहा, उनमें भिलाई, कल्याण, मदिकेरी, पंचकुला, परभनी, शिलांग शामिल हैं।
वहीं आगरा, अहमदाबाद, आइजोल, अजमेर, अकोला, अंबाला, अमरावती (महाराष्ट्र), अमृतसर, अनंतपुर, अंकलेश्वर, औरंगाबाद (महाराष्ट्र), बांसवाड़ा, बाड़मेर, बठिंडा, बेलापुर, बेतिया, बिहार शरीफ, बिलासपुर, बोइसर, ब्रजराजनगर, चरखी दादरी, चेन्नई, छाल, चिक्कमगलुरु, चित्तूर, चूरू, कोयंबटूर, दमोह, दौसा, धारवाड़, धौलपुर, डूंगरपुर, फतेहाबाद, फिरोजाबाद, गांधीनगर, गंगटोक, गोरखपुर, हिसार, हुबली, हैदराबाद, जबलपुर, जलना, झांसी, कलबुर्गी, कन्नूर, करौली, कटिहार, कोहिमा, कोल्हापुर, कोल्लम, कोरबा, लातूर, लुधियाना, मालेगांव, मंडीखेड़ा, मेहसाणा, मुंबई, मुंगेर, मैसूर, नागौर, नागपुर, नांदेड़, नारनौल, नासिक, नवी मुंबई, पलवल, पंपोर, प्रयागराज, पुदुचेरी, पूर्णिया, रायपुर, राजमहेंद्रवरम, राजगीर, रतलाम, सागर, सतना, शिवमोगा, सिलचर, सिरोही, शिवसागर, श्रीनगर, सूरत, ठाणे, तिरुवनंतपुरम, थूथुकुडी, त्रिशूर, तिरुपति, तुमडीह, वापी, वाराणसी, विजयपुरा, विजयवाड़ा, विरार, वृंदावन, यादगीर आदि 95 शहरों में वायु गुणवत्ता संतोषजनक रही, जहां सूचकांक 51 से 100 के बीच दर्ज किया गया।
क्या दर्शाता है वायु गुणवत्ता सूचकांक
देश में वायु प्रदूषण के स्तर और वायु गुणवत्ता की स्थिति को आप इस सूचकांक से समझ सकते हैं जिसके अनुसार यदि हवा साफ है तो उसे इंडेक्स में 0 से 50 के बीच दर्शाया जाता है। इसके बाद वायु गुणवत्ता के संतोषजनक होने की स्थिति तब होती है जब सूचकांक 51 से 100 के बीच होती है।
इसी तरह 101-200 का मतलब है कि वायु प्रदूषण का स्तर माध्यम श्रेणी का है, जबकि 201 से 300 की बीच की स्थिति वायु गुणवत्ता की खराब स्थिति को दर्शाती है। वहीं यदि सूचकांक 301 से 400 के बीच दर्ज किया जाता है जैसा दिल्ली में अक्सर होता है तो वायु गुणवत्ता को बेहद खराब की श्रेणी में रखा जाता है।
यह वो स्थिति है जब वायु प्रदूषण का यह स्तर स्वास्थ्य को गंभीर और लम्बे समय के लिए नुकसान पहुंचा सकता है। इसके बाद 401 से 500 की केटेगरी आती है जिसमें वायु गुणवत्ता की स्थिति गंभीर बन जाती है।
ऐसी स्थिति होने पर वायु गुणवत्ता इतनी खराब हो जाती है कि वो स्वस्थ इंसान को भी नुकसान पहुंचा सकती है, जबकि पहले से ही बीमारियों से जूझ रहे लोगों के लिए तो यह जानलेवा हो सकती है।
कल देश में वायु गुणवत्ता की स्थिति कैसी थी इसकी जानकारी आप डाउन टू अर्थ के एयर क्वालिटी ट्रैकर के पिछले अंक से प्राप्त कर सकते हैं:
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