सरकारी स्वास्थ्य सेवाएं बदहाल, निजी अस्पतालों में भर्ती होना चाहते हैं मरीज
प्रसव को छोड़कर अस्पताल में भर्ती होने की दर शहरी क्षेत्रों में ग्रामीण क्षेत्रों की तुलना में थोड़ी अधिक है। राष्ट्रीय स्तर पर लगभग 60% मरीज उपचार के लिए निजी अस्पतालों का चयन करते हैं, जबकि सरकारी और धर्मार्थ संस्थानों की हिस्सेदारी कम है
सहरसा सदर अस्पताल के डायलिसिस सेंटर में भर्ती मरीज