यूनिवर्सिटी ऑफ केंट के छात्र मेनिनजाइटिस से सबसे ज्यादा प्रभावित। माता-पिता टीके के लिए फार्मेसियों में दौड़ रहे हैं।
एनएचएस केवल शिशुओं को टीका देता है, किशोर और युवा ज्यादातर अप्रभावित हैं, निजी टीका महंगा और सीमित।
विशेषज्ञ और स्वास्थ्य संस्थाएं किशोरों के लिए टीकाकरण आवश्यक मानती हैं, लेकिन वर्तमान मेन बी टीके स्ट्रेन पूरी तरह रोक नहीं सकते।
यूकेएचएसए ने संक्रमण केवल केंट तक सीमित बताया, संपर्क ट्रेसिंग और सावधानी पर जोर, साझा ई-सिगरेट से बचने की सलाह।
ब्रिटेन सरकार की यूके स्वास्थ्य सुरक्षा एजेंसी के मुताबिक, हाल ही में इंग्लैंड के केंट शहर में मेनिनजाइटिस बी (दिमागी बुखार) (मेन बी) का एक गंभीर प्रकोप सामने आया है। इस बीमारी से अब तक दो युवाओं की मौत हो चुकी है और 13 लोग गंभीर रूप से बीमार हैं। इस घटना ने माता-पिता और छात्रों में चिंता बढ़ा दी है।
विशेषज्ञों की मानें तो यह संक्रमण पांच से सात मार्च के बीच कैंटरबरी में क्लब केमिस्ट्री में होने वाली पार्टी से फैल सकता है। इसे “सुपर-स्प्रेडर” घटना कहा जा रहा है।
मेनिनजाइटिस है क्या?
विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के मुताबिक, मेनिनजाइटिस मस्तिष्क और रीढ़ की हड्डी के चारों ओर के ऊतकों में होने वाली सूजन है। यह संक्रामक या संक्रामक के बिना हो सकता है, इससे मृत्यु का भारी खतरा और लंबे समय तक स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं हो सकती हैं। इसके लिए तत्काल चिकित्सकीय देखभाल की जरूरत पड़ती है।
छात्रों और माता-पिता की चिंता
कैंटरबरी में यूनिवर्सिटी ऑफ केंट के छात्र इस बीमारी के संक्रमण के सबसे ज्यादा प्रभावित समूह में हैं। माता-पिता घबराए हुए हैं और अपने बच्चों को तुरंत टीका लगवाने के लिए फार्मेसियों से संपर्क कर रहे हैं।
अधिकतर फार्मेसियों ने बताया कि अचानक टीके की मांग बहुत बढ़ गई है। कुछ फार्मेसियों में यह टीका उपलब्ध ही नहीं है। निजी फार्मेसियों में यह टीका 200 से 220 पाउंड में उपलब्ध है, जो सामान्य परिवारों के लिए बहुत महंगा है।
टीके और उनकी सीमाएं
ब्रिटेन में मेनिनजाइटिस बी का टीका 2015 से राष्ट्रीय स्वास्थ्य सेवा (एनएचएस) के तहत केवल शिशुओं को दिया जाता है। इसका मतलब यह है कि बहुत से किशोर और युवा इससे सुरक्षित नहीं हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि उपलब्ध टीके इस खास स्ट्रेन को पूरी तरह से रोक नहीं सकते और इनका प्रभाव दिखने में हफ्तों लग सकते हैं। इसलिए वर्तमान में निजी तौर पर टीका लेना तुरंत फायदेमंद नहीं हो सकता।
सरकारी और स्वास्थ्य एजेंसियों की प्रतिक्रिया
यूके हेल्थ सिक्योरिटी एजेंसी (यूकेएचएसए) ने जनता को आश्वस्त किया कि यह संक्रमण अभी केंट तक ही सीमित है और पूरे देश में फैलने का कोई सबूत नहीं है। अधिक उम्र के लोगों के लिए मेनिनजाइटिस टीके की पात्रता पर फिर से विचार करने को कहा गया है।
फिलहाल सरकार ने 2015 के बाद इस टीके का पीछा न करने वाले युवाओं के लिए व्यापक टीकाकरण अभियान को लागत के कारण मंजूरी नहीं दी है।
विशेषज्ञ और संस्थाओं की राय
मेनिनजाइटिस रिसर्च फाउंडेशन का कहना है कि किशोरों और युवाओं के लिए टीका जरूरी है और इसकी लागत जीवन रक्षक टीके के लिए बाधा नहीं बननी चाहिए। वहीं नेशनल यूनियन ऑफ स्टूडेंट्स ने कहा कि छात्रों को टीका एनएचएस या विश्वविद्यालय द्वारा उपलब्ध कराया जाना चाहिए। इंडिपेंडेंट फार्मेसियों एसोसिएशन ने कहा कि 2015 से पहले जन्मे सभी किशोरों और छात्रों को तुरंत टीका लगवाना चाहिए।
सावधानी और बचाव
विशेषज्ञों ने लोगों को चेतावनी दी है कि वे ई-सिगरेट या वेशों को साझा न करें, क्योंकि ऐसा करने से बैक्टीरिया फैल सकता है। फिलहाल यूकेएचएसए संक्रमित लोगों के संपर्क में आए अन्य लोगों की पहचान करने के लिए व्यापक संपर्क ट्रेसिंग अभियान चला रही है।
केंट में मेनिनजाइटिस बी का यह प्रकोप गंभीर है लेकिन फिलहाल यह केवल केंट तक सीमित है। माता-पिता और छात्र बहुत चिंतित हैं, लेकिन उपलब्ध टीके वर्तमान स्ट्रेन के खिलाफ तुरंत प्रभावी नहीं हो सकते।
सरकारी एजेंसियां संपर्क ट्रेसिंग और लक्षित टीकाकरण पर ध्यान केंद्रित कर रही हैं। विशेषज्ञ सुझाव देते हैं कि जनता अफवाहों पर भरोसा न करे और सही जानकारी के लिए एनएचएस और यूकेएचएसए की वेबसाइट पर जाए। यह घटना हमें यह याद दिलाती है कि जीवन रक्षक टीकों तक पहुंच और जागरूकता कितनी महत्वपूर्ण है।