पश्चिमी विक्षोभ के असर से उत्तर भारत के कई राज्यों में तेज आंधी-तूफान, बारिश और ओलावृष्टि की आशंका।
दिल्ली, पंजाब, हरियाणा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 100 किलोमीटर प्रति घंटा तक तेज हवाएं चल सकती हैं।
राजस्थान, विदर्भ और मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में भीषण लू और गर्म हवाओं का असर लगातार जारी।
बिहार, झारखंड, ओडिशा और पश्चिम बंगाल में अगले कुछ दिनों तक बारिश और गरज-चमक का दौर जारी।
मौसम बदलने से उत्तर भारत में तापमान छह से आठ डिग्री तक गिरने और गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद।
देश के मौसम में एक बार फिर बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। मौसम विभाग के द्वारा आज सुबह, 28 मई, 2026 को जारी पूर्वानुमान के अनुसार, उत्तर पाकिस्तान और आसपास के इलाकों में बने पश्चिमी विक्षोभ और कई हिस्सों में जारी ऊपरी हवा के चक्रवाती परिसंचरण के कारण आने वाले दिनों में देश के कई राज्यों में तेज आंधी-तूफान, ओलावृष्टि, बारिश, गरज-चमक और धूल भरी आंधी की आशंका जताई है। इसके साथ ही कुछ राज्यों में लू और भीषण गर्मी का असर भी जारी रहेगा।
उत्तर भारत में बारिश व तेज आंधी-तूफान का खतरा
दिल्ली, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में 28 से 30 मई के बीच मौसम के काफी खराब रहने के आसार हैं। कई जगहों पर तेज गरज के साथ हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। कुछ इलाकों में हवा की रफ्तार 80 से 100 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है। मौसम विभाग ने विशेष रूप से पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लिए गरज के साथ आंधी का अलर्ट जारी किया है।
राजस्थान और उत्तर प्रदेश में धूल भरी आंधी चलने की भी आशंका जताई गई है। इससे दृश्यता कम हो सकती है और सड़क यातायात प्रभावित हो सकता है। उत्तराखंड और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कुछ हिस्सों में भारी बारिश की चेतावनी भी जारी की गई है। हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में ओलावृष्टि होने का भी अंदेशा जताया गया है। हालांकि इस मौसमी बदलाव से तापमान में गिरावट आने और भीषण गर्मी से कुछ राहत मिलने की संभावना है।
पूर्वी भारत में भी बदलेगा मौसम
बिहार, झारखंड, ओडिशा और पश्चिम बंगाल में भी अगले कुछ दिनों तक बारिश और तेज हवाओं का दौर जारी रह सकता है। बिहार और पश्चिम बंगाल में गंगा के तटीय इलाकों में तेज आंधी के साथ भारी बारिश की आशंका जताई गई है। ओडिशा और झारखंड में भी गरज-चमक के साथ बारिश होने की उम्मीद है। अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में 29 से 31 मई के बीच भारी बारिश का अनुमान है। मौसम विभाग ने मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी है।
दक्षिण भारत में बारिश का दौर जारी
दक्षिण भारत के कई राज्यों में भी मौसम सक्रिय बना हुआ है। तमिलनाडु, पुडुचेरी, कर्नाटक, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश और केरल में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। कुछ क्षेत्रों में तेज हवाएं भी चल सकती हैं। तमिलनाडु और केरल के कुछ हिस्सों में भारी बारिश के आसार हैं।
कर्नाटक और आंध्र प्रदेश में 50 से 70 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। मौसम विभाग ने लोगों को खराब मौसम के दौरान घरों में रहने की सलाह दी है।
मध्य और पश्चिम भारत में भी असर
मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और विदर्भ में भी अगले कुछ दिनों तक बारिश और तेज हवाओं का असर रहेगा। मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में ओलावृष्टि की आशंका जताई गई है। वहीं गुजरात, महाराष्ट्र, कोंकण और गोवा में भी मई के आखिर और जून की शुरुआत में बारिश हो सकती है।
कई राज्यों में जारी रहेगी लू
बारिश और आंधी के बीच देश के कई हिस्सों में भीषण गर्मी और लू का प्रकोप भी जारी रहेगा। मौसम विभाग ने चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि आज, उत्तर, मध्य और पश्चिम भारत के कई राज्यों में भीषण लू चलने की आशंका है। इसके साथ ही कुछ राज्यों में गर्म और उमस भरा मौसम तथा गर्म रातें भी लोगों की परेशानी बढ़ा सकती हैं।
मौसम विभाग के अनुसार आज, छत्तीसगढ़, पूर्वी राजस्थान, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, हिमाचल प्रदेश, कोंकण और गोवा, ओडिशा, पंजाब, तेलंगाना, उत्तर प्रदेश और पश्चिम मध्य प्रदेश में अलग-अलग इलाकों में लू चलने का अंदेशा है। वहीं पूर्वी मध्य प्रदेश, विदर्भ और पश्चिम राजस्थान में भीषण लू की स्थिति बनने की आशंका जताई गई है।
लगातार बढ़ते तापमान के कारण दिन के साथ-साथ रात में भी गर्मी से राहत नहीं मिल रही है। ओडिशा के कुछ इलाकों में 28 मई को गर्म रात रहने के आसार हैं। ऐसे मौसम में लोगों को रात के समय भी उमस और बेचैनी का सामना करना पड़ सकता है।
इसके अलावा आंध्र प्रदेश, गुजरात, ओडिशा तथा तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में गर्म और उमस भरा मौसम बने रहने की आशंका व्यक्त की गई है। मौसम विभाग ने कहा है कि अधिक नमी और तेज गर्मी के कारण लोगों को थकान, कमजोरी और डिहाइड्रेशन जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
पिछले 24 घंटों के दौरान भी देश के कई हिस्सों में भीषण गर्मी दर्ज की गई। मौसम विभाग के अनुसार पूर्वी उत्तर प्रदेश और राजस्थान के कुछ इलाकों में भीषण लू की स्थिति रही। पश्चिम राजस्थान में कई इलाकों में लू चली, जबकि उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में भी गर्म हवाओं का असर देखने को मिला। विदर्भ, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, पूर्वी राजस्थान और पूर्वी मध्य प्रदेश के अलग-अलग इलाकों में भी लू का असर जारी रहा।
तापमान में आएगी गिरावट
मौसम विभाग के अनुसार, उत्तर भारत में 28 से 30 मई के बीच अधिकतम तापमान में छह से आठ डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट हो सकती है। मध्य और पूर्वी भारत में भी तापमान में कमी आने की संभावना है। हालांकि 31 मई के बाद फिर से तापमान बढ़ सकता है।
किसानों के लिए सलाह
मौसम विभाग ने किसानों को सलाह दी है कि वे पकी हुई फसलों की जल्द कटाई कर सुरक्षित स्थानों पर रखें। तेज हवा और ओलावृष्टि से फसलों को नुकसान पहुंच सकता है। खेतों में जल निकासी की उचित व्यवस्था करने को कहा गया है ताकि भारी बारिश के दौरान पानी जमा न हो।
किसानों को फिलहाल कीटनाशक और उर्वरकों के छिड़काव से बचने की सलाह दी गई है। पशुपालकों को भी अपने पशुओं को सुरक्षित स्थानों पर रखने और पर्याप्त पानी उपलब्ध कराने को कहा गया है।
लोगों को सतर्क रहने की जरूरत
मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचें। बिजली चमकने के समय खुले मैदान, पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहें। तेज आंधी के दौरान कमजोर मकानों और टीन शेड से दूर रहना चाहिए।
अगले कुछ दिन देश के कई हिस्सों में मौसम के लिहाज से संवेदनशील रहेंगे। ऐसे में लोगों को लगातार मौसम विभाग की चेतावनियों और स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करना चाहिए।
मानसून की बढ़ रही रफ्तार
मौसम विभाग ने बताया कि दक्षिण-पश्चिम मानसून के आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं। अगले दो से तीन दिनों में मानसून अरब सागर और बंगाल की खाड़ी के कुछ और हिस्सों में आगे बढ़ सकता है। इससे आने वाले दिनों में देश के कई हिस्सों में प्री-मानसून गतिविधियां और तेज हो सकती हैं।