छत्तीसगढ़, तेलंगाना और विदर्भ में बहुत भारी बारिश के आसार, उत्तराखंड समेत इन राज्यों में भी बरसेंगे बादल  फोटो साभार: आईस्टॉक
मौसम

बीकानेर में पारा 40 डिग्री पार, तीन राज्यों में बहुत भारी, 16 राज्यों में भारी बारिश के आसार

कम दबाव, पश्चिमी विक्षोभ व मानसून सक्रिय, तीन राज्यों में बहुत भारी बारिश की चेतावनी, कई राज्यों में गरज-चमक, तेज हवाएं और बारिश का पूर्वानुमान

Dayanidhi

  • तीन राज्यों में बहुत भारी बारिश का अलर्ट, कई इलाकों में तेज हवाओं और गरज-चमक के साथ बारिश की आशंका बनी रहेगी।

  • छत्तीसगढ़, तेलंगाना और विदर्भ में बहुत भारी बारिश के आसार, किसानों को जलभराव से फसलों को बचाने की सलाह दी गई है।

  • दिल्ली, हरियाणा, पंजाब और उत्तर प्रदेश में अगले कुछ दिनों तक कहीं-कहीं बारिश होने की संभावना जताई गई है।

  • तटीय आंध्र प्रदेश में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की आशंका है।

  • बीकानेर में तापमान 40.1 डिग्री पहुंचा, जबकि देश के कई राज्यों में बारिश और उमस का दौर जारी है।

देश के कई इलाकों में दक्षिण-पश्चिम मानसून सक्रिय बना हुआ है। मौसम विभाग की ओर से आज सुबह, 12 सितंबर, 2026 को जारी अपडेट में कहा गया है कि दक्षिण छत्तीसगढ़ और आसपास के इलाकों में बना कम दबाव का क्षेत्र अगले 24 घंटे में पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ सकता है। इसके प्रभाव से छत्तीसगढ़, विदर्भ और आसपास के इलाकों में बारिश की गतिविधियां बढ़ने के आसार हैं। विभाग ने कुछ राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश तथा कई राज्यों में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चलने की चेतावनी दी है।

वहीं, पश्चिमी विक्षोभ उत्तर भारत के पास सक्रिय है और इसके कारण पहाड़ी तथा आसपास के मैदानी इलाकों में मौसम बदलने की संभावना बनी हुई है।

छत्तीसगढ़, तेलंगाना और विदर्भ में बहुत भारी बारिश

मौसम विभाग के मुताबिक आज छत्तीसगढ़, तेलंगाना और विदर्भ के कुछ हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। इन राज्यों में बहुत भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। यहां 115.6 से 204.4 मिमी तक बादल बरस सकते हैं।

वहीं, आज 12 सितंबर, 2026 को ओडिशा, तटीय आंध्र प्रदेश, मध्य प्रदेश, मराठवाड़ा, मध्य महाराष्ट्र, गुजरात, कोंकण और गोवा सहित कई राज्यों में भारी बारिश के आसार हैं। अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भी भारी बारिश का दौर जारी रह सकता है। मौसम विभाग ने इन सभी राज्यों में भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। यहां 64.5 से 115.5 मिमी तक बारिश हो सकती है।

आज, उत्तराखंड और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल तथा सिक्किम में भी कुछ जगहों पर भारी बारिश होने का अनुमान है। इन राज्यों में भी भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया है। ऐसे में निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को जलभराव और स्थानीय बाढ़ जैसी स्थिति को लेकर सावधान रहने की जरूरत है।

दिल्ली-एनसीआर समेत इन राज्यों में भी बरस सकते हैं बादल

मौसम विभाग ने अपने पूर्वानुमान में कहा है कि 12 से 17 सितंबर तक पूर्वी उत्तर प्रदेश, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और पंजाब के अलग-अलग इलाकों में हल्की बारिश हो सकती है। इसी तरह पश्चिमी राजस्थान और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में भी इसी दौरान बारिश होने का अनुमान है। 12 और 13 सितंबर को पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों में बादल बरस सकते हैं। हालांकि इन राज्यों के पूरे इलाके में लगातार बारिश होने के बजाय अलग-अलग हिस्सों में बारिश की संभावना है।

आंधी और बिजली गिरने का खतरा

बारिश के साथ कई इलाकों में गरज-चमक और तेज हवाएं चल सकती हैं। तटीय आंध्र प्रदेश में 50 से 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की आशंका है। विदर्भ और तमिलनाडु, पुडुचेरी तथा कराईकल में भी 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं।

वहीं, ओडिशा, तेलंगाना, झारखंड, बिहार, पश्चिम बंगाल और सिक्किम सहित कई राज्यों में 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने का अनुमान है। ऐसे मौसम में लोगों को खुले स्थानों, पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहने की सलाह दी गई है। आंधी के समय अनावश्यक यात्रा से बचना भी सुरक्षित रहेगा।

मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह

मौसम विभाग ने अरब सागर और बंगाल की खाड़ी के कुछ हिस्सों में समुद्र की स्थिति को देखते हुए मछुआरों के लिए चेतावनी जारी की है। गुजरात तट के आसपास 13 से 16 सितंबर तक समुद्र में मौसम खराब रहने का अंदेशा है। उत्तर आंध्र प्रदेश के तट और बंगाल की खाड़ी के कुछ हिस्सों में भी 12 सितंबर को सावधानी बरतने की जरूरत है।

कुछ इलाकों में गर्मी और उमस बरकरार

बारिश के बावजूद कुछ राज्यों में गर्म और उमस भरा मौसम बना रह सकता है। तटीय आंध्र प्रदेश तथा केरल और माहे में उमस से लोगों को परेशानी हो सकती है। लोगों को पर्याप्त पानी पीने और तेज गर्मी के समय लंबे समय तक धूप में रहने से बचने की सलाह दी गई है।

मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, 11 सितंबर, 2026 को राजस्थान के बीकानेर में देश का सबसे अधिक 40.1 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया। वहीं मैदानी इलाकों में सबसे कम न्यूनतम तापमान 18 डिग्री सेल्सियस असम के हाफलोंग में दर्ज हुआ।

किसानों को भी सतर्क रहने की सलाह

बारिश का यह दौर किसानों के लिए राहत के साथ चुनौती भी लेकर आ सकता है। जिन राज्यों में भारी बारिश के आसार हैं, वहां किसान खेतों में पानी की निकासी की व्यवस्था पहले से सुनिश्चित करें। खेतों में पानी लंबे समय तक जमा रहने से फसलों को नुकसान हो सकता है।

मौसम खराब रहने के दौरान सिंचाई, कीटनाशक और उर्वरक का छिड़काव करने से बचना बेहतर होगा। तैयार फसलों की कटाई संभव हो तो मौसम साफ रहने के दौरान कर लें। कटी हुई फसल और कृषि उपज को सुरक्षित तथा सूखे स्थान पर रखें। तेज हवा वाले इलाकों में सब्जियों और कमजोर पौधों को सहारा देने की व्यवस्था की जा सकती है। आने वाले दिनों में बारिश, आंधी और तापमान में बदलाव को देखते हुए लोगों और किसानों को स्थानीय मौसम चेतावनियों पर नजर बनाए रखनी चाहिए।