बंगाल की खाड़ी में कम दबाव का क्षेत्र बनने से ओडिशा में अत्यधिक भारी बारिश का खतरा, मौसम विभाग ने रेड अलर्ट जारी किया।
बिहार और पश्चिम बंगाल में गंगा के मैदानी इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश का पूर्वानुमान, विभाग ने ऑरेंज अलर्ट किया जारी।
दिल्ली-एनसीआर में फिलहाल अच्छी बारिश के आसार नहीं, अगले कुछ दिनों तक गर्मी और उमस से राहत मिलने की उम्मीद कम।
तटीय आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु के कुछ हिस्सों में लू का अलर्ट, कई राज्यों में गर्म और उमस भरा मौसम बना रहेगा।
जुलाई के दूसरे सप्ताह में मानसून की रफ्तार धीमी, 24 जुलाई के आसपास नया मौसम तंत्र बनने से फिर सक्रिय होने की उम्मीद।
बंगाल की खाड़ी में कम दबाव का क्षेत्र बनने से पूर्वी भारत के कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश के आसार बढ़ गए हैं। वहीं, दिल्ली-एनसीआर और उत्तर-पश्चिम भारत सहित कई राज्यों में दक्षिण-पश्चिम मानसून की रफ्तार धीमी बनी हुई है। मौसम विभाग ने बुधवार, 15 जुलाई 2026 को ओडिशा में अत्यधिक भारी बारिश के लिए रेड अलर्ट जारी किया है, जबकि बिहार और पश्चिम बंगाल में गंगा के मैदानी इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश के लिए ऑरेंज अलर्ट घोषित किया गया है।
बंगाल की खाड़ी में बना कम दबाव का क्षेत्र
मौसम विभाग के ताजा अपडेट के मुताबिक, उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी में, उत्तर ओडिशा और पश्चिम बंगाल तट के पास कम दबाव का क्षेत्र बन गया है। इसके साथ जुड़ा चक्रवाती परिसंचरण समुद्र तल से लगभग 7.6 किलोमीटर तक फैला हुआ है। यह मौसम प्रणाली अगले दो दिनों में पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ते हुए उत्तर ओडिशा और पश्चिम बंगाल में गंगा के तटीय इलाकों के ऊपर से गुजरने की संभावना है। इसके प्रभाव से इन राज्यों में तेज बारिश की गतिविधियां बढ़ने का पूर्वानुमान है।
मानसून ट्रफ की स्थिति
मानसून ट्रफ इस समय जम्मू, देहरादून, बरेली, गोरखपुर, पटना, बांकुड़ा होते हुए बंगाल की खाड़ी में बने कम दबाव के क्षेत्र तक फैली हुई है। इसके अलावा उत्तर गुजरात और आसपास के दक्षिण-पश्चिम राजस्थान के ऊपर बना ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण भी सक्रिय है। वहीं उत्तर पाकिस्तान और जम्मू के आसपास पश्चिमी विक्षोभ भी बना हुआ है, जिससे पहाड़ी इलाकों के मौसम पर असर बना रहेगा।
दिल्ली-एनसीआर में फिलहाल उमस भरी गर्मी से राहत के आसार नहीं
दिल्ली-एनसीआर में फिलहाल अच्छी बारिश के आसार नहीं हैं। मौसम विभाग के अनुसार, आज 15 जुलाई को भी मौसम लगभग ऐसा ही रहेगा। आसमान में आंशिक बादल छाए रह सकते हैं और कुछ इलाकों में हल्की बूंदाबांदी हो सकती है, लेकिन अच्छी बारिश की संभावना बहुत कम है।
दिल्ली में अधिकतम तापमान लगभग 38 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। पश्चिमी हवाएं 15 से 20 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकती हैं। गर्मी और उमस से लोगों को अगले कुछ दिनों तक कुछ खास राहत मिलने के आसार नहीं दिख रहे हैं।
जुलाई के दूसरे सप्ताह में कमजोर पड़ा मानसून
इस साल जुलाई के दूसरे सप्ताह में देश के बड़े हिस्से में मानसून की गतिविधियां कमजोर पड़ गई हैं। पिछले 11 सालों में यह तीसरी बार है जब जुलाई के दौरान मानसून की रफ्तार धीमी हुई है। इससे पहले साल 2015 और 2021 में भी ऐसी स्थिति देखी गई थी।
मौसम विभाग के अनुसार, 24 जुलाई के आसपास बंगाल की खाड़ी में एक और नया मौसम तंत्र बनने की संभावना है। यदि यह प्रणाली अनुकूल दिशा में आगे बढ़ती है और देश के अंदरूनी हिस्सों तक पहुंचती है, तो जुलाई के अंतिम सप्ताह में दिल्ली समेत उत्तर भारत में मानसून फिर सक्रिय हो सकता है।
ओडिशा में भीषण बारिश का खतरा
कम दबाव के क्षेत्र के कारण सबसे अधिक असर ओडिशा में देखने को मिलेगा। मौसम विभाग ने राज्य के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। कई इलाकों में भारी से बहुत भारी तथा कहीं-कहीं अत्यधिक भारी बारिश होने का अंदेशा जताया गया है। राज्य के कुछ हिस्सों में 205 मिलीमीटर से अधिक बारिश हो सकती है। विभाग ने यहां बारिश के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। इसके कारण जलभराव, निचले इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति और यातायात प्रभावित होने की आशंका है।
इन राज्यों में भी होगी अच्छी बारिश
कम दबाव के चलते बिहार और पश्चिम बंगाल में गंगा के मैदानी इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश को देखते हुए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। यहां 115.6 से 204.4 मिलीमीटर तक बारिश हो सकती है।
इसके अलावा आज, 15 जुलाई, 2026 को अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय, झारखंड, छत्तीसगढ़, उत्तराखंड, तटीय आंध्र प्रदेश, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा तथा उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम के कई इलाकों में भारी बारिश होने की आशंका जताई गई है। मौसम विभाग ने इन राज्यों में बारिश के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। यहां 64.5 से 115.5 मिमी तक बादल बरस सकते हैं।
कई राज्यों में गरज-चमक और तेज हवाओं की भी चेतावनी
मौसम विभाग ने अपने बुलेटिन में कहा है कि बारिश के साथ-साथ आज, झारखंड, पश्चिम बंगाल में गंगा के तटीय इलाकों, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह तथा जम्मू और कश्मीर सहित कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं।
वहीं आज, आंध्र प्रदेश, बिहार, तेलंगाना, कर्नाटक तथा केरल में भी गरज-चमक के साथ 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने के आसार हैं। लोगों को खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों में जाने से बचने की सलाह दी गई है।
समुद्र में ऊंची लहरें, मछुआरों को चेतावनी
अरब सागर और बंगाल की खाड़ी के कई हिस्सों में तेज हवाएं चलने और समुद्र में ऊंची लहरें उठने का अंदेशा जताया गया है। मौसम विभाग ने मछुआरों को प्रभावित समुद्री इलाकों में अगले कुछ दिनों तक समुद्र में न जाने की सलाह दी है।
कई राज्यों में सामान्य से काफी अधिक तापमान, मदुरै रहा सबसे गर्म
देश के कई हिस्सों में मानसून की कमजोर गतिविधियों के कारण तापमान सामान्य से काफी अधिक बना हुआ है। मौसम विभाग के अनुसार, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक के कई इलाकों में अधिकतम तापमान सामान्य से 5.1 डिग्री सेल्सियस या उससे अधिक दर्ज किया गया। इसके अलावा अरुणाचल प्रदेश और तटीय आंध्र प्रदेश और यनम के कुछ हिस्सों में भी दिन का तापमान सामान्य से काफी ऊपर रहा।
वहीं, असम और मेघालय, ओडिशा, पश्चिम उत्तर प्रदेश, मध्य महाराष्ट्र, तेलंगाना, रायलसीमा, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल तथा उत्तर आंतरिक कर्नाटक के कुछ हिस्सों में भी अधिकतम तापमान सामान्य से 5.1 डिग्री सेल्सियस अधिक दर्ज किया गया।
रात के तापमान में भी बढ़ोतरी देखने को मिली। पूर्वी मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में न्यूनतम तापमान सामान्य से 5.1 डिग्री सेल्सियस या उससे अधिक रहा। वहीं असम और मेघालय, ओडिशा, पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश, हिमाचल प्रदेश, पूर्वी राजस्थान, पश्चिम मध्य प्रदेश तथा सौराष्ट्र और कच्छ के कुछ हिस्सों में भी रात का तापमान सामान्य से काफी अधिक दर्ज किया गया।
मंगलवार, 14 जुलाई, 2026 विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, देश के मैदानी इलाकों में सबसे अधिक अधिकतम तापमान तमिलनाडु के मदुरै में 42.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं सबसे कम न्यूनतम तापमान महाराष्ट्र के जेऊर में 16.0 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
कई राज्यों में लू, गर्मी और उमस जारी
बारिश की कमी के कारण देश के कई हिस्सों में गर्मी और उमस बनी हुई है। मौसम विभाग ने तटीय आंध्र प्रदेश तथा तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल के कुछ इलाकों में लू चलने की आशंका जताई है। इन राज्यों में लोगों को दोपहर के समय तेज धूप में बाहर निकलने से बचने, पर्याप्त पानी पीने और आवश्यक सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
इसके अलावा तटीय कर्नाटक, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, उत्तर आंतरिक कर्नाटक, पंजाब, रायलसीमा, तेलंगाना, उत्तर प्रदेश तथा तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल के कुछ हिस्सों में गर्म और उमस भरा मौसम बने रहने का अंदेशा जताया गया है। इन राज्यों में तापमान के साथ नमी भी अधिक रहने से लोगों को असहज गर्मी का सामना करना पड़ सकता है।
लोगों और किसानों को सतर्क रहने की सलाह
मौसम विभाग ने भारी बारिश वाले राज्यों के लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने, जलभराव वाले इलाकों में न जाने और स्थानीय प्रशासन की सलाह का पालन करने को कहा है। किसानों को भी भारी बारिश वाले इलाकों में खेतों से पानी निकालने, तैयार फसलों की समय पर कटाई करने और खाद तथा कीटनाशकों का छिड़काव फिलहाल टालने की सलाह दी गई है। वहीं गर्मी और उमस वाले क्षेत्रों में लोगों को पर्याप्त पानी पीने और दोपहर के समय धूप से बचने की सलाह दी गई है।