उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में 23-24 फरवरी को हल्की बारिश और बर्फबारी, केदारनाथ-बद्रीनाथ चोटियों पर हिमपात संभव।
हिमाचल प्रदेश के कई जिलों में बारिश, ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी के आसार, तापमान में बड़ा अंतर दर्ज।
जम्मू-कश्मीर में शुष्क मौसम के कारण तापमान सामान्य से 8-12 डिग्री अधिक, श्रीनगर समेत कई शहरों में गर्माहट।
दिल्ली में साफ आसमान, अधिकतम तापमान करीब 30 डिग्री, सुबह-शाम हल्की ठंड और 17 किमी प्रति घंटे की रफ्तार की हवाएं।
ओडिशा, असम और मेघालय सहित कई राज्यों में गरज-चमक के साथ बारिश और 30-40 किमी प्रति घंटे की हवाएं।
फरवरी के अंतिम सप्ताह में देश के कई हिस्सों में मौसम तेजी से बदल रहा है। कहीं बारिश हो रही है, कहीं बर्फबारी की संभावना है और कुछ हिस्सों में तापमान सामान्य से काफी अधिक दर्ज किया जा रहा है।
मौसम विभाग के द्वारा आज सुबह, 23 फरवरी, 2026 को जारी ताजा अपडेट के अनुसार, कई राज्यों में अलग-अलग तरह की मौसमी गतिविधियां सक्रिय हैं। इससे पहाड़ी क्षेत्रों, मैदानी इलाकों और तटीय क्षेत्रों में अलग-अलग असर देखने को मिल रहे हैं।
उत्तराखंड में बारिश और बर्फबारी की संभावना
उत्तराखंड में ऊपरी हवा का चक्रवाती प्रसार बना हुआ है। इसका असर पहाड़ी जिलों में दिखाई देगा। 23 और 24 फरवरी को राज्य के ऊंचाई वाले इलाकों में हल्की बारिश और बर्फबारी की संभावना है। खासकर 3000 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फ गिर सकती है।
विभाग के द्वारा उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों में अलर्ट जारी किया गया है। केदारनाथ और बद्रीनाथ की चोटियों पर बर्फबारी होने की संभावना है। हालांकि मैदानी इलाकों में मौसम शुष्क रहेगा। सुबह और शाम ठंडी हवाएं चलेंगी। इन हवाओं के कारण बर्फ तेजी से पिघल भी सकती है। पहाड़ों पर जाने वाले यात्रियों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
हिमाचल प्रदेश में बदला मौसम
हिमाचल प्रदेश में भी मौसम में बदलाव देखा गया है। कई जिलों में बारिश दर्ज की गई है। कुल्लू, किन्नौर और धर्मशाला में हल्की से मध्यम बारिश हुई। वहीं मनाली में धूप खिली रही।
राज्य में तापमान में भी बड़ा अंतर देखने को मिला। ताबो में न्यूनतम तापमान शून्य से नीचे माइनस 4.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं ऊना में अधिकतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस रहा। ऊंचाई वाले हिस्सों में हल्की बर्फबारी की संभावना है। मौसम विभाग का कहना है कि सप्ताह के बाकी दिनों में मौसम साफ रह सकता है।
जम्मू और कश्मीर में बढ़ती गर्मी
जम्मू और कश्मीर के मैदानी इलाकों में लगातार शुष्क मौसम के कारण दिन में गर्मी का अहसास बढ़ गया है। घाटी के कई जिलों में अधिकतम तापमान सामान्य से आठ से 12 डिग्री अधिक दर्ज किया गया है। यह सामान्य सर्दियों के मौसम से अलग स्थिति है।
राजधानी श्रीनगर में दिन का तापमान 20.7 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जो सामान्य से 9.7 डिग्री अधिक है। पहलगाम में 17.5 डिग्री, गुलमर्ग में 10 डिग्री, जम्मू में 25 डिग्री और कठुआ में 24 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया। इस बढ़ते तापमान के कारण लोगों को दिन में हल्की गर्मी महसूस हो रही है, जबकि सुबह और रात अभी भी ठंडी है।
दिल्ली में साफ आसमान और हल्की गर्मी
देश की राजधानी दिल्ली में आज मौसम के साफ रहने की संभावना है। सुबह से ही तेज धूप निकल सकती है। दिन में धूप की तीव्रता बढ़ने से हल्की गर्मी का अहसास होगा। अधिकतम तापमान लगभग 30 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 13 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है।
हालांकि लगभग 17 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। इससे सुबह और शाम के समय हल्की ठंड बनी रहेगी। आने वाले सात दिनों में उत्तर पश्चिम भारत में अधिकतम तापमान तीन से चार डिग्री तक बढ़ सकता है।
पूर्वोत्तर और पूर्वी भारत में बारिश का अनुमान
पूर्वोत्तर भारत के ऊपर उपोष्णकटिबंधीय पश्चिमी जेट स्ट्रीम सक्रिय है। इसके कारण कुछ राज्यों में बारिश और आंधी चलने का अंदेशा जताया गया है। पश्चिम असम के ऊपर भी ऊपरी हवा का चक्रवाती प्रसार बना हुआ है।
ओडिशा में 23 और 24 फरवरी को हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। इसके साथ ही गरज, चमक और 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। पूर्वी मध्य प्रदेश, विदर्भ और छत्तीसगढ़ में भी 23 फरवरी को बारिश की संभावना जताई गई है।
असम, मेघालय, पश्चिम बंगाल में गंगा के तटीय इलाकों और तेलंगाना में भी 23 और 24 फरवरी को वज्रपात और गरज के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। लोगों को खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों से दूर रहने की सलाह दी गई है।
बंगाल की खाड़ी में कम दबाव का क्षेत्र
दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी में एक मजबूत कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। यह धीरे-धीरे उत्तर-पूर्व दिशा की ओर बढ़ रहा है। इससे समुद्री इलाकों में मौसम खराब रहने के आसार हैं।
अंडमान और निकोबार द्वीपसमूह में 23 से 26 फरवरी तक कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। गरज और तेज हवाओं के साथ बौछारें पड़ने का भी अनुमान है।
कम दबाव के चलते समुद्र में 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तूफानी हवाओं में और इजाफा होकर 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार में तब्दील होने की आशंका जताई गई है। विभाग ने इस दौरान मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी है।
तापमान में उतार-चढ़ाव
मौसम विभाग के अनुसार, उत्तर पश्चिम भारत में अगले सात दिनों में अधिकतम तापमान में तीन से चार डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हो सकती है। बाकी हिस्सों में तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा। लगातार शुष्क मौसम के कारण कई क्षेत्रों में दिन का तापमान सामान्य से अधिक बना हुआ है।
देश भर में अधिकतम और न्यूनतम तापमान की बात करें तो कल, 22 फरवरी, 2026 को आंध्र प्रदेश के कुरनूल, नंदीगामा और तमिलनाडु के मदुरै में अधिकतम तापमान 37.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। जबकि कल, देश के मैदानी इलाकों में पंजाब के बठिंडा में न्यूनतम तापमान 8.0 डिग्री सेल्सियस रहा।
कल कहां हुई बारिश, कितने बरसे बादल?
पिछले 24 घंटे के दौरान अरुणाचल प्रदेश, केरल और माहे, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के अधिकतर इलाकों, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल, विदर्भ, मराठवाड़ा, हिमाचल प्रदेश के कुछ हिस्सों में बादल बरसे या गरज के साथ बौछारें पड़ी, जबकि देश के बाकी हिस्सों में मौसम शुष्क रहा।
बारिश की मात्रा की बात करें तो कल, केरल और माहे के कोझिकोड में 4 सेमी, तिरुवनंतपुरम-शहर में 3 सेमी, विदर्भ के नागपुर-सोनेगांव एयरपोर्ट में 1 सेमी बारिश दर्ज की गई।
देश के अलग-अलग हिस्सों में मौसम का मिजाज अलग-अलग है। पहाड़ों में बारिश और बर्फबारी की संभावना है, जबकि मैदानी इलाकों में तापमान बढ़ रहा है। पूर्वोत्तर और पूर्वी राज्यों में गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है। समुद्री क्षेत्रों में तेज हवाओं का असर रहेगा।
लोगों को मौसम विभाग की सलाह का पालन करना चाहिए। पहाड़ी इलाकों में यात्रा करते समय सावधानी बरतनी चाहिए। तेज हवा और आंधी के दौरान सुरक्षित स्थान पर रहना चाहिए। मौसम में यह बदलाव आने वाले दिनों में भी जारी रह सकता है।