मध्य शताब्दी तक एशिया में लगभग 15 हजार मील दूरी की नई सड़कों का निर्माण उन इलाकों में किया जाएगा, जहां बाघ रहते हैं। इससे बाघों के विलुप्त होने के खतरे बढ़ जाएंगे। एक नए अध्ययन में यह जानकारी दी गई है। अध्ययन में कहा गया है कि बाघों के संरक्षण के लिए अब नए उपाय करने होंगे।
मिशिगन विश्वविद्यालय के पारिस्थितिक विशेषज्ञ नील कार्टर और उनके सहयोगियों ने यह अध्ययन किया है। इस अध्ययन में दुनिया भर के 13-देशों में लगभग 450,000 वर्ग-मील, नियोजित सड़क नेटवर्क से बाघों पर पड़ने वाले प्रभावों को जानने के लिए, हाल ही में विकसित दुनिया की सड़कों के डेटासेट का उपयोग किया गया है।
यह अध्ययन साइंस एडवांसेस पत्रिका में प्रकाशित हुआ है। अध्ययन के मुताबिक, सड़क निर्माण के कारण बाघों को तीन मुख्य खतरे होते हैं- बाघों को खाने की कमी अर्थात उनके शिकार में कमी हो जाएगी, निवास स्थान कम या समाप्त हो जाएंगे और बाघों का अवैध शिकार बढ़ेगा।
मिशिगन विश्वविद्यालय के नेतृत्व में किए गए इस अध्ययन से पता चला है कि मौजूदा सड़कें बाघों के निवास स्थान टाइगर कंजर्वेशन लैंडस्केप्स (टीसीएल) में 83,300 मील (134,000 किलोमीटर) तक फैली हैं। इन सड़को के कारण जानवरों के रहने के स्थान समाप्त हो गए हैं। कुछ प्रजातियां ऐसी हैं जो गायब हो गईं हैं, अब शायद ही वे भविष्य में दिखाई देंगे। कार्टर और उनके सह-अध्ययनकर्ताओं ने अपने निष्कर्षों में कहा है कि एशिया में बाघों और पारिस्थितिक तंत्र के लिए अत्यधिक खतरा है।
शोधकर्ताओं ने तीन चीजों की गणना की - सड़क का घनत्व, निकटतम सड़क की दूरी और इसके सापेक्ष प्रजातियां, उन्होंने यह भी देखा कि मौजूदा सड़क नेटवर्क बाघों के निवास स्थान को कैसे प्रभावित करते हैं। उन्होंने सभी 76 टाइगर कंजर्वेशन लैंडस्केप्स (टीसीएल) के लिए वर्तमान सड़क घनत्व की गणना की और देश और वहां की सुरक्षा स्थिति के अनुसार उन अनुमानों को संक्षेप में प्रस्तुत किया।
इसके अलावा, उन्होंने 13 देश जहां बाघ रहते है, प्रत्येक के लिए 2050 तक बाघों के निवास स्थान में मौजूद नई सड़कों की लंबाई की गणना करने के लिए वैश्विक सड़क विस्तार के प्रकाशित पूर्वानुमानों का उपयोग किया।
2006 से बाघों के आवासों में 40% की गिरावट आई है, जिन क्षेत्रों में सड़कें नहीं हैं वहां बाघों के लिए खतरे कम हैं। जहां बाघ अभी भी मौजूद हैं उन स्थानों पर सड़क विस्तार नहीं किया जाना चाहिए। यह देखते हुए कि भविष्य में बाघों के लिए सड़के व्यापक चुनौती होगी, अध्ययनकर्ताओं ने कहा हम निर्णय लेने वालों से सतत सड़क विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का आग्रह करते हैं।
शोधकर्ताओं का कहना है कि उनके मेट्रिक्स टिकाऊ सड़क विकास का समर्थन करने के लिए उपकरण प्रदान करते हैं, जिससे बाघ के निवास स्थान से गुजरने वाली सड़कों के लिए तेजी से जोखिम का आकलन किया जा सकता है। बाघों के निवास स्थान में मौजूदा और भविष्य की सड़कों से होने वाले खतरों और सामाधान बताने वाला यह पहला अध्ययन है।